आगरालीक्स.. हाथरस में बिटिया की मौत के मामले में पकडे गए चारों आरोपियों के समर्थन में 12 गांव के लोगों ने पंचायत की, सीबीआई जांच और पीडित पक्ष और आरोपी पक्ष का नार्को टेस्ट की मांग की है।
हाथरस के चंदपा क्षेत्र के एक गांव में 14 सितंबर को युवती को खेत में खींचकर ले जाने के बाद जोर जबरदस्ती की गई, युवती का गला घोंटा गया, 28 सितंबर को युवती की मौत हो गई, इस मामले में संदीप सहित चार युवकों पर मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया, इसे लेकर राजनीति गर्माई हुई है, देश भर में प्रदर्शन हो रहे हैं।
आरोपियों के पक्ष में पंचायत, कहा पीडित पक्ष का कराया जाए नार्को टेस्ट
युवती वाल्मीकि थी और आरोपी पक्ष ठाकुर हैं, मामला गर्माने के बाद आरोपी पक्ष के परिजन सामने आ गए हैं। उन्होंने अपने बेटों को निर्दोष बताया है, कहा है कि अगर उनके बेटे दोषी हैं तो गोली मार दी जाए, एक आरोपी की मां ने कहा है कि युवती के भाई और मां से पूछताछ हो, इससे पूरा मामला खुल जाएगा, उनके बेटे घटनास्थल पर बाद में पहुंचे थे। इस मामले में हाथरस के गांव बघना में 12 गांवों की पंचायत हुई, पूर्व विधायक के नेत्रत्व में हुई पंचायत में पूरे मामले की सीबीआई जांच और पीडित व आरोपी पक्ष का नार्को टेस्ट कराने की मांग की है। वहीं, डीएम का वीडियो वायरल होने के बाद पीडित पक्ष ने जिला प्रशासन पर मोबाइल छीनने के आरोप लगाए हैं।

12 गांव की पंचायत
इस मामले में 12 गांव की पंचायत हुई, ठाकुर बाहुल्य गांव के लोगों ने मांग की है कि इस मामले की सीबीआई जांच की जाए। साथ ही पीडित और आरोपी पक्ष का नार्को टेस्ट कराया जाए, जिससे सच सामने आ सके।
पुलिस फोर्स तैनात
आरोपियों के पक्ष में पंचायत होने के बाद गांव में पुलिस फोर्स तैनात कर दिया गया है। ग्रामीणों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
फोरेंसिक लैब की जांच में रैप की पुष्टि नहीं
युवती की मौत के बाद स्लाइड आगरा की फोरेंसिक लैब में जांच के लिए भेजी गईं थी, एडीजी अजय आनंद ने मीडिया को बताया कि जांच में रैप की पुष्टि नहीं हुई है।
राजनीति गर्म, सफाई व्यवस्था ठप
इस मामले में एक तरफ राजनीति गर्माई हुई है तो वाल्मीकी समाज द्वारा प्रदर्शन किया जा रहा है, दोषियों को फांसी की सजा दिलाने की मांग की जा रही है, उन्होने काम ठप कर दिया है, आगरा से लेकर कई शहरों में सफाई व्यवस्था ठप है।