आगरालीक्स.. आगरा में पकडे गए किराए की कोख के रैकेट मामले में तीन अस्पताल संचालकों को नोटिस दिया गया है, अस्पताल संचालक डॉक्टरों ने आगरा में बयान दर्ज कराए, रैकेट नेपाल में बच्चों की सप्लाई करता था, आगरा पुलिस ने किराए की कोख के रैकेट को 19 जून को लखनऊ एक्सप्रेस वे से अरेस्ट किया था।
आगरा में 19 जून को पुलिस ने लखनऊ एक्सप्रेस वे के आगरा टोल प्लाजा पर दो गाडियों को रोक लिया, इसमें दो महिलाएं और तीन नवजात मिले, महिलाओं ने पुलिस को गुमराह किया। सख्ती करने पर किराए की कोख के काले धंधे की परत दर परत खोल दी, ये महिलाएं फरीदाबाद के अस्पताल में गैरकानूनी तरीके से किराए की कोख से प्रसव कराने के बाद नवजात को आठ से 10 लाख रुपये में नेपाल में बेच देती हैं। पुलिस द्वारा अरेस्ट की गई दोनों महिलाओं से पूछताछ के बाद किराए की कोख के रैकेट को पकडने के लिए छापे मारे जा रहे है।
फरीदाबाद से बयान दर्ज कराने आए हॉस्पिटल संचालक
आगरा पुलिस ने किराए की कोख के रैकेट की सरगना नीलम से पूछताछ के बाद पुलिस ने फरीदाबाद के गेटवेल हॉस्पिटल, धर्म देवी हॉस्पिटल और साईं धाम हॉस्पिटल संचालकों को नोटिस दिया था, पूछताछ में नीलम ने बताया है कि इन्हीं हॉस्पिटल में प्रसव कराए गए, इन तीनों अस्पतालों के डॉक्टर बयान दर्ज कराने के लिए आगरा आए। नीलम द्वारा नेपाल में किराए की कोख से जन्मे बच्चों को लाखों रुपये में उपलब्ध करा रही नेपाल निवासी सरगना अस्मिता है, उसके खिलाफ भी सुबूत जुटाए जा रहे हैं।
जेल में है गैंग
पुलिस ने एक्सप्रेस वे से दो गाडियों मेंफरीदाबाद निवासी रूबी और नीलम के साथ ही कार चालक प्रमोद और दिल्ली निवासी राहुल और अमित को अरेस्ट किया गया, ये जेल में हैं।