मथुरालीक्स… निर्जला एकादशी पर्व पर मंगलवार को भी बांकेबिहारी के दर्शन को भक्त उमड़े। यमुना महारानी का दुग्धाभिषेक। पंचकोसी यात्रा भी।
मंदिर, आश्रमों में आज रखा गया एकादशी व्रत

निर्जला एकादशी का व्रत अधिकतर मंदिर, आश्रमों में मंगलवार को रखा गया। भक्तों ने प्रात: यमुना में स्नान करने के बाद वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ यमुना महारानी का जलाभिषेक के साथ दुग्धाभिषेक किया।
बांकेबिहारी के कपाट खुलने से पहले श्रद्धालुओं की भीड़
मंगलवार को भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु कपाट खुलने से पहले ही डेरा जमाए रहे। ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की निर्जला एकादशी पर विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान हुए।
भक्तों की टोलियां भजनों पर नाचते हुए निकलीं
सोमवार को भी भक्तों ने निर्जल व्रत रखकर भोर में यमुना स्नान किया और फिर ठा. बांकेबिहारी के दर्शन का पंचकोसीय परिक्रमा शुरू कर दी। परिक्रमा मार्ग में भोर से ही श्रद्धालुओं की टोलियां भगवान के भजनों पर नाचते गाते गुजर रही थीं। दिन चढ़ने के साथ भीड़ का दबाव बढ़ने लगा।