आगरालीक्स… मधुमेह रोगियों को गुर्दा रोग के साथ ही टीबी का संक्रमण होने का खतरा रहता है, सावधानी बरतें और शुगर का स्तर नियंत्रत रखें।
मधुमेह रोगयों में शुगर का स्तर नियंत्रित न होने से आंख और गुर्दे पर सबसे ज्यादा असर पड़ता है, इससे गुर्दे से संबंधित समस्याएं होने लगती हैं इसलिए मधुमेह रोगियों को अपने गुर्दे की भी जांच करानी चाहिए।
टीबी के संक्रमण का खतरा
मधुमेह रोगियों में टीबी संक्रमण का खतरा भी बढ़ने लगा है। इसके चलते टीबी का नया मरीज मिलने पर उसकी मधुमेह की जांच कराई जा रही है। इसी तरह से मधुमेह का मरीज मिलने पर उसकी टीबी की भी जांच कराई जा रही है। मधुमेह रोगियों में टीबी संक्रमण होने पर लक्षण भी नहीं आते हैं और बीमारी बढ़ती जाती है। एसएन के टीबी एंड चेस्ट डिपार्टमेंट के डॉ. जीवी सिंह का कहना है कि मधुमेह रोगियों को अपनी टीबी की जांच करा लेनी चाहिए।