आगरालीक्स …आगरा में स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई, मरीज भर्ती कराने के लिए कमीशन बांटने और डॉक्टर के बिना इलाज करने पर एक हॉस्पिटल का पंजीकरण निरस्त।
आगरा के ट्रांस यमुना कॉलोनी स्थित रॉयल हॉस्पिटल में नौ दिसंबर को आशाओं को उपहार देने का वीडियो वायरल होने के अगले दिन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापा मारा था। हॉस्पिटल में मरीज भर्ती थे, जिनका प्रसव कराया गया वह प्रसूता भी भर्ती थी। मगर, हॉस्पिटल में कोई डॉक्टर उपलब्ध नहीं था जो उन मरीजों का इलाज करता। यही नहीं टीम को हॉस्पिटल में मिले संचालक राहुल शर्मा ने बताया था कि वह ओटी टेक्नीशियन हैं। सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव का मीडिया से कहना है कि हॉस्पिटल में ओटी टेक्नीशियन जो हॉस्पिटल का संचालक भी है वहीं इलाज कर रहा था इसलिए हॉस्पिटल का पंजीकरण निरस्त कर दिया गया है।
11 आशाओं की चल रही जांच
हॉस्पिटल में 11 आशाओं को उपहार दिए गए थे, इन आशाओं की सूची भी स्वास्थ्य विभाग ने हॉस्पिटल से जब्त कर ली थी, आशाओं की जांच चल रही है, इनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। आशआों को उपहार और कमीशन देकर निजी हॉस्पिटल के संचालक गर्भवती को प्रसव कराने के लिए भर्ती कराते हैं जबकि स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवती के निशुल्क इलाज की सुविधा है स्वास्थ्य केंद्र पर प्रसव कराने पर प्रोत्साहन राशि भी दी जाती है।