आगरालीक्स…आगरा के एक व्यापारी का बेटा युवती के चक्कर में फंस गया. सोशल मीडिया पर दोस्ती से चैटिंग तक पहुंची स्टोरी. अब हो गया ये खेल….
सोशल मीडिया पर अनजाने लोगों के चक्कर में, खासकर युवतियों के चक्कर में युवक आसानी से फंस जाते हैं और फिर बाद में उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है. अब आगरा में ही एक नया केस देख लीजिए. आगरा के रहने वाले एक व्यापारी का बेटा इंस्टाग्राम में एक युवती के चक्कर में ऐसा फंसा कि अब उसे लेने के देने पड़ गए. मामला साइबर थाने तक पहुंचा तो पुलिस ने दो युवकों को इस मामले में अरेस्ट भी किया है.
जानिए क्या है पूरा मामला
जयपुर हाउस के रहने वालेए क युवक के पिता व्यापारी है. युवक अपने पिता के साथ ही बिजनेस में हाथ बंटाता है. युवक का नाम राघव बताया गया है. राघव की चार महीने पहले इंस्टाग्राम पर दिल्ली की रहने वाली एक युवती से बातचीत हुई थी. बातचीत बढ़ने लगी तो दोनेां ने एक दूसरे को अपने फोन नंबर दे दिए और फिर व्हाट्सअप पर चैटिंग शुरू हो गई. एक दूसरे के फोटो भी शेयर किए जाने लगे.
मई में युवती ने युवक से कुछ रूपये मांगे जिस पर युवक ने दो बार 500 रूपये और एक बार 1000 रूपये युवती को आनलाइन भेज दिए, लेकिन इसके बाद युवती से उसकी बातचीत बंद हो गई. अब युवक की इंस्ताग्राम आईडीपर एक मैसेज आया जिसमें युवती को परेशान करने का आरोप लगाया गया है. मैसेज भेजने वाले ने अपना नाम विपुल और साइबल सेल में खुद को दराोगा बताया. इस दरोगा ने धमकी देकर 10 हजार रूपये राघव से मांगे और रूपये न देने पर उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेजने की धमकी दी. डर के मारे राघव ने 8 हजार रूपये इसी 9 सितंबर को ई वॉलेट से ट्रांसफर कर दिए.

अगले दिन साइबर सेल का दरोगा बताने वाले ने राघव को फोन किया और इस बार 50 हजार रूपये मांगे. लेकिन इस बार राघव ने साइबर सेल जाकर पता किया तो इस नाम का कोई भी दरोगा उसे वहां नहीं मिला. इसके बाद युवक ने थाने में मुकदमा दर्ज कराया. पुलिस ने ई वॉलेट और मोबाइल नंबर के आधार पर आरोपियां का पता किया. पुलिस ने चौथ वसूलने के मामले में विपुल भारद्वाज निवासी शांति कॉलोनी शास्त्रीपुरम और कुनाल खेमानी निवासी सरस्वती नगर अवधपुरी जगदीशपुरा को अरेस्ट किया है. पुलिस ने दोनों को जेल भेज दिया है.