आगरालीक्स…ईस्टर संडे (9 अप्रैल) को पुनर्जीवित होंगे प्रभु ईसा मसीह. आगरा के गिरिजाघरों में विशेष पूजा प्रार्थनाएं भी शुरू…
आगरा का समस्त ईसाई समाज 9 अप्रैल को प्रभु ईसा मसीह द्वारा अपनी मृत्यु के तीसरे दिन पुनर्जीवित हो उठने का महापर्व ईस्टर संडे या पास्का का त्योहार बड़े हर्षोल्लास के साथ मना रहा है. ईसाई लोगों का विश्वास है कि ईसा मसीह शुक्रवार यानी गुड फ्राइडे को क्रूस की घोर कष्टदायी मृत्यु सहकर इस दुनिया के लिए बलिदान हो गए. उसी दिन को उनके शव को सलीब से उतारकर एक समाधि में दफना दिया गया था. मृत्यु जीवन का विकास है, विनाश नहीं. यही सदेश देते हुए प्रभु ईसा मसीह रविवार को भेर में पुनर्जीवित हो जाएंगे. इस अवसर पर नगर के सभी गिरजाघरों में ईस्टर की पूर्व संध्या में भक्तिमय वातावरण में ईस्टर जागकरण की विशेष पूजा प्रार्थनाएं एवं धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए.

सेंट पीटर्स स्थित निष्कलंक माता महागिरिजाघर में महाधर्माध्यक्ष डॉ. राफी मंजलि ने सेंट जॉर्जेज कथीड्रल चर्च में बिशप पीपी हाबिल ने तथा सेंट्रल मैथोडिस्ट चर्च मे ंपादरी सिल्वेस्टर मैसी ने प्रार्थनाएं कराईं तथा प्रवचन दिए. इस अवसर पर फादर मून लाजरस ने अपने ईस्टर संदेश में लोगों को बताया कि मूृत्यु अवश्यंभावी है. जो इस संसार में आया है उसे एक दिन इस दुनिया से जाना ही है लेकिन मृत्यु के अनंत जीवन या स्वर्गलोक उन्हीं को मिलेगा जो इस जीवन में नेकी करते हुए दूसरों की मदद करते हैं.