आगरालीक्स ….आगरा आए अपने बयानों से चर्चा में रहने वाले विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ प्रवीण भाई तोगडिया ने तनाव मुक्त रहने के टिप्स दिए, साथ ही स्वस्थ रहने के लिए छह डी के बारे में जानकारी दी।
आगरा में खंदारी स्थित जेपी सभागार में इंडिया हेल्थ लाइन के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ प्रवीण भाई तोगडिया ने कहा कि भारत का हर तीसरा व्यक्ति बीमारी है और आने वाले 20 साल में हर दूसरा व्यक्ति बीमार होगा। अभी 14 लाख करोड रुपये बीमारी पर खर्च हो रहे हैं, 20 साल बाद यह 280 लाख करोड हो जाएगा। इन हालात में क्या भारत आर्थिक शक्ति बन सकता है, इसका दूसरे पहलू पर चर्चा करते हुए डॉ प्रवीण भाई तोगडिया ने कहा कि जीवनशैली से जुडी बीमारी जैसे मधुमेह, बीपी और एल्कोहल व तंबाकू के सेवन से होने वाली बीमारी की रोकथाम हो जाए तो दवाओं का खर्चा घटकर 7 लाख करोड पहुंच सकता है। इसे कौन करेगा, इसका प्लान बताते हुए कहा कि इंडिया हेल्थ लाइन से देश भर के 50 हजार निजी डॉक्टर जोडने का लक्ष्य रखा गया है। ये हर रोज एक गरीब मरीज को निशुल्क इलाज देंगे, इस तरह साल में 1 50 करोड मरीजों को इलाज मिल सकेगा। निजी अस्पतालों में इन मरीजों को भर्ती करने पर शुल्क नहीं लगेगा और लगेगा तो बहुत कम होगा। इस दौरान ब्रज प्रांत के अध्यक्ष डॉ संदीप अग्रवाल, डॉ रंजना बंसल, डॉ एमसी गुप्ता, डॉ पारुल अग्रवाल, डॉ गोपाल गुप्ता आदि मौजूद रहे।
हेल्थ एम्बेसडर करेंगे जांच और जागरूक
उन्होंने कहा कि 80 फीसद लोगों को यह पता नहीं है कि वे बीमार हैं, इसलिए उन्हें हार्ट अटैक और ब्रेन हेमरेज हो रहा है। यह पता चल जाए, डॉक्टर इलाज करें तो इनकी जान बच सकती है। यह काम हेल्थ एम्बेसडर करेंगे, ये डॉक्टर नहीं है लेकिन इन्हें प्रशिक्षण दिया जा रहा है। ये घर घर जाकर ब्लड प्रेशर, शुगर, हीमोग्लोबिन और चर्बी की जांच करेंगे, जिन लोगों में बीमारी होगी, उन्हें डॉक्टर तक पहुंचाया जाएगा और जो बीमार नहीं है, उन्हें बीमारी न हो, इसके लिए जागरूक किया जाएगा।
छह डी से रहेंगे स्वस्थ्य
डॉ प्रवीण भाई तोगडिया ने छह डी का मंत्र बताया, पहला डी है डिसाइड, यह तय कर लें कि हमें स्वस्थ रहा है। दूसरा डी है डाइट, अच्छा खाएं और जितनी जरूरत हो उतना ही खाएं। तीसरा डी है डिस्ट्रेस, योग करें, तनाव मुक्त रहने के लिए सप्ताह में एक दिन अपने परिवार के साथ खाना खाएं और मोबाइल बंद रखें, सप्ताह में दो दिन अपने परिजनों के साथ गप्प मारें, चौथा डी है डी एडिक्शन, एल्कोहल और तंबाकू का सेवन ना करें और अंतिम डी है डू इट नाउ, इसे अभी से शुरू कर देंं।