आगरालीक्स….. आगरा के सेंट जोंस कॉलेज के प्राचार्य के सर्टिफिकेट को चुनौती दी गई है, सीएम को की गई शिकायत में सर्टिफिकेट फर्जी होने की शिकायत से खलबली मची हुई है, उच्च शिक्षा अधिकारी मामले की जांच कर रहे हैं।
सेंट जोंस कॉलेज, आगरा में एक जुलाई को डॉ पीई जोजफ को प्राचार्य बनाया गया था। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार यूजीसी के मानक पूरा करने के लिए प्राचार्य पद के लिए एपीआई के न्यूनतम 400 अंक होने चाहिए, ये अंक रिसर्च पेपर और कांफ्रेंस में शामिल होने पर मिलते हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ से की गई शिकायत में आरोप लगाए गए हैं कि प्राचार्य बनने के लिए डॉ पीई जोजफ ने फर्जी सर्टिफिकेट लगा दिए हैं। इन सर्टिफिकेट को कॉलेज की इंटरनल कमेटी से भी प्रमाणित नहीं कराया गया है। इस मामले की जांच उच्च शिक्षा अधिकारी डॉ टीवीएस यादव कर रहे हैं, उनका मीडिया से कहना है कि सर्टिफिकेट प्रमाणित नहीं हुए हैं, इस प्रकरण की जांच की जा रही है।
एक जुलाई 2015 को संभाला कार्यभार
सेंट जोंस कॉलेज, आगरा के प्राचार्य डॉ एलेक्जेंडर लाल का कार्यकाल पूरा हो चुका है। एक जुलाई को कॉलेज का प्राचार्य डॉ पीटर एडवर्क जोजफ को बनाया गया है। वे कॉलेज के रसायन विज्ञान विभाग में वरिष्ठ शिक्षक हैं। उन्होंने बुधवार को प्राचार्य का पदभार ग्रहण कर लिया।
सेंट जोंस कॉलेज के प्राचार्य पद के लिए कई महीनों से लॉबिंग चल रही थी। डॉ जोजफ के साथ ही डॉ एंडूज साइमंडस, डॉ मनोज पाल, डॉ पीए मजीद, डॉ आरपी सिंह के नाम सूची में शामिल थे। मगर कॉलेज के मैनेजमेंट ने डॉ जोजफ पर भरोसा जताया हैं