मथुरालीक्स…मथुरा में 34 साइबर ठग अरेस्ट. सुबह—सुबह 300 के करीब पुलिसकर्मियों ने इनके गांवों में दी दबिश..पुलिस को देखते ही भागने लगे
मथुरा पुलिस ने एक बार फिर साइबर ठगों पर बड़ी कार्रवाई की है. शेरगढ़ के गांवों में सुबह—सुबह करीब 300 पुलिसकर्मियों ने छापेमारी की. पुलिस को देखते ही गांवों में अफरातफरी मच गई और साइबर ठग भागने लगे. पुलिस ने यहां से 34 से अधिक साइबर ठगों को अरेस्ट किया है. कई ठग भागने में कामयाब भी हो गए हैं. पुलिस की कार्रवाई अभी भी जारी है. इससे पहले दिसंबर में बड़ी कार्रवाई की गई थी.मथुरा पुलिस को लगातार साइबर अपराधियों के सम्बन्ध में जानकारी मिल रही थी जिसको रोकने हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मथुरा के निर्देशन में आज थाना शेरगढ़ में पुलिस के द्वारा एक बड़ी कार्यवाही की गई है, जिसमें दो गांव विशंबरा व जंघावली जो नोटोरियस/ संदिग्ध हैं, में पुलिस टीमों के द्वारा दो अलग-अलग रेड्स की गई हैं. इसमें कुल 06 राजपत्रित अधिकारी और 13 थाना प्रभारियों व कुल 240 आरक्षी/मुख्य आरक्षियों के द्वारा कार्यवाही की गई.
घरों में घुसकर मारी रेडप्रतिबिंब पोर्टल के द्वारा जो हॉटस्पॉट चिन्हित किए गए और साइबर पुलिस टीम ने लगातार कार्य कर सक्रिय लोगो की पहचान की उनके घरों पर रेड की गई । उपरोक्त के क्रम में गांव जंघावली से 11 संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया व मौके से 17 संदिग्ध अपराधी भागने में कामयाब रहे. ग्राम विशंबरा से कुल 23 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया व 28 साइबर अपराधी भागने में कामयाब रहे हैं. इस तरह से रेड के दौरान कुल 34 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया. साइबर फ्रॉड में और जो 45 अपराधी हैं, वो भागने में कामयाब रहे हैं.
फर्जी सिम कार्ड, मोबाइल आदि बरामद
पुलिस ने बताया कि यह लोग सिंडिकेट बनाकर के लगातार साइबर अपराध का कार्य करते आ रहे है. इनमें से 08 अपराधी जो पहले भी जेल जा चुके हैं. साइबर अपराधियों के पास से फर्जी आधार कार्ड भी बरामद हुए है. साइबर अपराधियों से मोबाइल फोन बरामद हुए हैं जिन पर हमारी साइबर टेक्निकल टीम कार्य कर रही है. अभी तक मोबाइल फोन की जांच से पाया गया है कि दो आईएमईआई प्रयोग हुई हैं, जो लोग पकड़े गए हैं, उनके द्वारा 18 फ्रॉड किए गए हैं. विभिन्न प्रांतों से भी संपर्क किया जा रहा है. पकड़े गये साइबर अपराधियो के विरुद्ध जो भी मुकद्दमें पंजीकृत होंगे, उनके बारे में जानकारी की जा रही है. ये सभी साइबर अपराधी संगठित अपराध कर रहे थे. संगठित अपराध के आधार पर आज गंभीर धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया जा रहा है. यह कार्यवाही अभी जारी रहेगी जो भी साइबर अपराधी अभी भाग गये है और बच गये है उनको भी गिरफ्तार करके जेल भेजा जाएगा.