आगरालीक्स… आगरा में राम बारात का अदभुत द्रश्य है, अवधपुरी से दूल्हा बने मर्यादा पुरुषोत्म श्री राम, भाई पिता दशरथ, गुरुजनों और देवी देवताओं के साथ बारात लेकर निकले, उन्हें अपलक लोग निहार रहे हैं, पुष्पों की वर्षा हो रही है।
शुक्रवार को आगरा के श्री मनकामेश्वर मंदिर, रावतपाडा स्थित बाराहदरी पर रात 10 बजे मर्यादा पुरुषोत्म श्री राम, भाई लक्ष्मण, भरत, शत्रुधन की आरती की गई। रात करीब 10 बजे राम दिव्य रथ पर विराजमान होते हैं तो चारों ओर जयघोष गूंज उठता है। सिर पर दमकता मुकुट और चेहरे पर अलौकिक मुस्कान बिखेरते राम के दर्शन पाकर बरात में शामिल अयोध्या वासियों का मन शीतल हो जाता है।

श्रीराम की बरात शाम करीब पांच बजे रावतपाड़ा प्रारंभ हुई। बरात में सबसे आगे रघुवंश की ध्वज पताका लिए अश्वारोही चल रहे थे। इसके बाद विघ्न विनाशक श्री गणेश जी की सवारी थी। इनके पीछे धार्मिक और सामाजिक संदेश देती हुई करीब 146 झांकियां चल रही थीं। करतब दिखाते अखाड़े और शहर के करीब 11 बैंड बरात में मधुर धुन बिखेर रहे थे। रात करीब साढ़े आठ बजे प्रभु राम और उनके तीनों भाइयों को शृृंगार के बाद बारहदरी में लाया गया।
इस अवसर पर रामलीला कमेटी के अध्यक्ष जगन प्रसाद गर्ग, रामप्रकाश अग्रवाल, अतुल बंसल, दिनेश बंसल भगवानदास, अजय, विनोद जौहरी, टीएन अग्रवाल, प्रेमकिशन अग्रवाल, मुकेश जौहरी, संतशरण बरूआ, राकेश अग्रवाल, प्रवीन स्वरूप, अनुराग शुक्ला, प्रवीन गर्ग, संजय बंसल, विशन माहेश्वरी, पंकज मोहन शर्मा, मनोज अग्रवाल, अशोक राठी, कृष्ण मुरारी, अमित गर्ग, मनोज माहेश्वरी, राजेश शर्मा सहित सहित अनेक पदाधिकारी मौजूद थे।
रत्न जड़ित मुकुट किए धारण

भगवान श्रीराम का मुकुट सूर्य की तरह दमकता रहा, शेषनाग के अवतार लक्ष्मण जी के मुकुट में शेषनाग दिखेंगे। भरत-शत्रुघ्न के मुकुट भी आकर्षक होंगे। प्रभु श्रीराम का रथ काफी भव्य बनवाया गया है। यह करीब 25 फुट ऊंचा होगा। इस पर सूर्यदेव दिखेंगे। वहीं, लक्ष्मण जी के रथ में शेषनाग और भरत-शत्रुघ्न के रथ में कमल का डिजाइन नजर आएगा। चारों मुकुटों में हीरा, पन्ना, मोती, माणिक आदि रत्न जड़े थे। राजघरानों से आई कलंगी लगाई गई थीं।
संदेश देती झांकियां

रामबरात में शामिल हो रहीं झांकियों के माध्यम से सामाजिक संदेश दिया जाएगा। बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ और वृद्धाश्रम पर बनी झांकी प्रमुख होंगी। प्रमुख आकर्षण चांदी का रथ होगा, जिस पर भगवान विष्णु और लक्ष्मी के स्वरूप रहेंगे। डांडिया रास और मयूर नृत्य करते हुए कलाकार चलेंगे। सोते कुंभकर्ण को जगाने, शिवजी की जटाओं से गंगा निकलने, अभिमन्यु के चक्रव्यूह को ध्वस्त करने, राधाकृष्ण के स्वरूपों के होली खेलने, गणेश जी द्वारा शिव-पार्वती के पूजन, फिल्म क्रांति की पानी के जहाज पर झांकी, लवकुश के रामायण सुनाने के वृत्तांत की झांकियां प्रमुख रहेंगी।
ये है शोभायात्रा मार्ग
रामबरात बारादरी से शुरू होकर रावतपाड़ा, जौहरी बाजार, सुभाष बाजार, दरेसी नंबर एक व दो, छत्ता बाजार, कचहरी घाट, बेलनगंज, पथवारी, धूलियागंज, सिटी स्टेशन रोड, घटिया, छिली ईट रोड, फुलट्टी बाजार, सेब का बाजार, किनारी बाजार होते हुए पुन: रावतपाड़ा पहुंचेगी। मन:कामेश्वर महादेव के दर्शन कर शनिवार सुबह सभी स्वरूप जनकपुरी (विजय नगर कॉलोनी) को प्रस्थान करेंगे।