आगरालीक्स … टिंकल के हत्यारों को आगरा जिला जेल में शिफ्ट करने पर मौत के घाट उतारने की चेतावनी, आगरा जिला जेल के बाहर हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ताओं ने रविवार को प्रदर्शन किया। जिला जेल के बाहर मटकी में जल लेकर पहुंचे हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ताओं ने कहा कि टिंकल के हत्यारों को फांसी की सजा दी जानी चाहिए।
अलीगढ़ के थाना टप्पल में ढाई साल की बच्ची टिंकल, पुत्री बनबारी लाल शर्मा 30 मई को घर के बाहर से खेलती हुई लापता हो गई थी। 31 मई को टिंकल की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। 2 जून की सुबह काननूगोयान से एक गली छोड़कर कोट मोहल्ले में महिला सफाईकर्मी ने कूड़े के ढेर से कपड़े के एक बंडल को कुत्तों को खींचते हुए देखा। कपड़े की गठरी खोलकर देखी गई तो उसमें टिंकल का क्षत-विक्षत शव मिला।
10 हजार रुपये के कर्ज के विवाद में मासूम की हत्या
बच्ची के परिजनों ने आरोप लगाया कि कोट मोहल्ले निवासी जाहिद पर उनके दस हजार रुपये थे। रुपये मांगने पर उससे विवाद हुआ। 30 जून को जब बच्ची खेलते हुए जाहिद के दरवाजे पर पहुंच गई तो उसे बिस्कुट देने के बहाने अपने घर में ले गया। फिर उसकी दुपट्टे से गला घोंटकर हत्या कर दी और उसके शव को भूसे की बुर्जी में दबा दिया। जब उसमें से दुर्गंध आई तो शव को बाहर लाकर फेंक दिया गया। यह खुलासा मासूम टिंकल की हत्या में गिरफ्तार दोनों आरोपियों जाहिद व उसके दोस्त असलम ने किया है।
गल चुका था शव, आगरा लैब में विसरा की होगी जांच
टिंकल का शव गल चुका था, उसका एक हाथ नहीं मिला, इस मामले में देश भर में लोगों में आक्रोश है और वे टिंकल के हत्यारों को फांसी की सजा दिलाने की मांग कर रहे है।