आगरालीक्स.. आगरा के स्कूल बिजनेस हाउस बन चुके हैं, छात्रों की फीस जमा होने में पर कई स्कूलों ने शिक्षकों की सैलरी आधी कर दी, कुछ ने दी नहीं, छटनी शुरू कर दी है।
आगरा में मिशनरी, कान्वेंट के साथ ही कॉलोनी से लेकर गली मोहल्लों में प्राइवेट स्कूल और प्ले स्कूल हैं। लॉक डाउन में मार्च से स्कूल बंद हैं, सरकार ने भी अभिभावकों पर फीस जमा करने के लिए दबाव ना बनाने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद से तमाम अभिभावकों ने फीस जमा नहीं की है, इसके बाद से कुछ स्कूलों में शिक्षकों की सैलरी 50 फीसद कर दी, मई में कुछ स्कूलों ने शिक्षकों और कर्मचारियों को फीस नहीं दी है। शिक्षकों और कर्मचारियों की छटनी भी शुरू कर दी है।
स्कूलों से चालकों को निकाला
कई स्कूलों ने चालकों को हटा दिया है, उन्हें मई तक की सैलरी देने के बाद नौकरी से निकालने की जानकारी दी गई है, इससे स्कूल से जुडे शिक्षक, कर्मचारी परेशान हैं, उन्हें भी डर सता रहा है कि कुछ दिन और यही हालात रहे तो मुश्किल खडी हो जाएगी।
स्कूलों में फीस कलेक्शन 10 फीसद
शहर के तमाम स्कूलों में अभिभावकों ने फीस जमा नहीं की है, इससे पहली तिमाही का स्कूलों का फीस कलेक्शन 10 से 20 फीसद तक है, स्कूल प्रबंधन अभिभावकों को फीस जमा करने के लिए दबाव भी नहीं बना पा रहे हैं।