आगरालीक्स…यदि तंबाकू से दूरी और समय पर जांच हो तो ओरल कैंसर को रोका जा सकता है. आगरा में विश्व कैंसर दिवस पर आईएमए ने किया जागरूक…दीं जरूरी जानकारियां
विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर भारतीय चिकित्सा संघ (आईएमए) आगरा शाखा द्वारा आईएमए आगरा भवन में एक विशेष सीएमई एवं जनजागरूकता सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की थीम रही— “United by Unique – Early Detection, Timely Action, Compassionate Care”।कार्यक्रम में कैंसर की प्रारंभिक पहचान, समय पर रेफरल, तंबाकू से होने वाले कैंसर, महिलाओं में स्तन व सर्वाइकल कैंसर तथा पेलिएटिव केयर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जन-सुलभ वैज्ञानिक व्याख्यान दिए गए।
डॉ. गौरव सिकरवार ने दैनिक जीवन में दिखने वाले कैंसर के रेड फ्लैग्स को नज़रअंदाज़ न करने पर जोर दिया।
डॉ. वरुण अग्रवाल ने कहा कि ओरल कैंसर भारत में एक रोकी जा सकने वाली बीमारी है, यदि तंबाकू से दूरी और समय पर जांच की जाए।
डॉ. रुचिका अग्रवाल ने स्तन व सर्वाइकल कैंसर में शुरुआती पहचान को जीवनरक्षक बताया।
डॉ. ज्योति गर्ग ने नॉन-ऑन्कोलॉजिस्ट चिकित्सकों की समय पर रेफरल की अहम भूमिका बताई।
डॉ. अर्पिता सक्सेना ने कहा कि कैंसर उपचार में करुणा, दर्द से राहत और गरिमा उतनी ही आवश्यक है जितना इलाज।
डॉ हरेंद्र गुप्ता, डॉ. रवि पचौरी, डॉ. शम्मी कालरा, डॉ. वंदना कालरा, डॉ. सीमा सिंह, डॉ. अश्वनी यादव, डॉ. मिहिर गुप्ता, डॉ. करन रावत, डॉ. अशोक, डॉ. संजय चतुर्वेदी, डॉ. निकिता, डॉ. अनुराग गुप्ता, डॉ. अनुरंजन, डॉ मुकेश भारद्वाज सहित कई चिकित्सक एवं कल्याणम संस्था के सदस्य मौजूद रहे।