
गुरुवार को मुख्य सचिव आलोक रंजन को डीएम पंकज कुमार ने मेट्रो ट्रेन की डीपीआर सौंपी। इसे लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन (एलएमआरसी) के निर्देशन में तैयार किया गया है। 10,830 करोड़ की इस परियोजना के अंतर्गत शहर में मेट्रो ट्रेन संचालन के लिए दो कॉरीडोर तैयार किए गए हैं। पहला कॉरीडोर सिकंदरा से ताजमहल पूर्वी गेट और दूसरा कॉरीडोर आगरा कैंट से कालिंदी विहार के बीच होगा। दोनों ही रूट पर 15-15 स्टेशन होंगे। पहले कॉरीडोर की दूरी 14 किमी और दूसरे की 16 किमी होगी। इस तरह से मेट्रो शहर के 30 किमी के क्षेत्र में सफर कराएगी।
बताया जा रहा है कि परियोजना के अंतर्गत सबसे पहले ताजमहल और आईएसबीटी के बीच मेट्रो का कार्य शुरू होगा।
2022 तक पूरा होगा काम
मेट्रो के लिए दिसंबर 2016 में कंसल्टेंट की नियुक्ति, अप्रैल 2017 में प्रोजेक्ट का फाइनल एप्रूवल, जून 2017 में मेट्रो के स्टेशनों का कार्य शुरू, जून 2022 में प्रोजेक्ट होगा पूरा होगा।
10,830 करोड़ का है प्रोजेक्ट
6,306 करोड़ आएगी पहले कॉरीडोर की लागत
4,524 करोड़ से बनेगा दूसरा कॉरीडोर
30 किमी दूरी करेगी कवर मेट्रो ट्रेन
30 स्टेशन बनेंगे दोनों कॉरीडोर पर
22 स्टेशन एलिवेटिड होंगे दोनों रूट पर
08 स्टेशन होंगे अंडरग्राउंड
यहां होंगे स्टेशन
पहला कॉरीडोर: सिकंदरा से ताज पूर्वी गेट
सिकंदरा, गुरु का ताल, आईएसबीटी, शास्त्रीनगर, यूनिवर्सिटी, आरबीएस कॉलेज, राजामंडी, आगरा कॉलेज, मेडिकल कॉलेज, जामा मस्जिद, आगरा फोर्ट, ताजमहल, फतेहाबाद रोड, बसई, ताज पूर्वी गेट।
दूसरा कॉरीडोर: आगरा कैंट-कालिंदी विहार
आगरा कैंट, सुल्तापुरा, सदर बाजार, प्रतापपुरा, कलेक्ट्रेट, सुभाष पार्क, आगरा कॉलेज, हरीपर्वत, संजय प्लेस, एमजी रोड, सुल्तानगंज की पुलिया, कमला नगर, रामबाग, फाउंड्री नगर, मंडी, कालिंदी विहार।
ये है दूरी
कॉरीडोर एलिवेटिड अंडरग्राउंड कुल
सिकंदरा-ताज पूर्वी गेट 6.353 किमी 7.647 किमी 14 किमी
आगरा कैंट-कालिंदी विहार 16 किमी – 16 किमी
अंडरग्राउंड आठ स्टेशन
परियोजना के अनुसार, पहले कॉरीडोर के आठ स्टेशन अंडरग्राउंड होंगे। इसमें यूनिवर्सिटी, आरबीएस कॉलेज, राजामंडी, आगरा कॉलेज, मेडिकल कॉलेज, जामा मस्जिद, आगरा फोर्ट, ताजमहल स्टेशन।
खंदारी से ताजमहल तक अंडरग्राउंड जाएगी मेट्रो
सिकंदरा से ताजमहल के पूर्वी गेट तक प्रस्तावित पहले कॉरीडोर के अंतर्गत खंदारी से ताजमहल तक मेट्रो ट्रेन अंडरग्राउंड जाएगी। यानी पहले कॉरीडोर के अंतर्गत मेट्रो अधिकांश दूरी अंडरग्राउंड ही चलेगी। दूसरा कॉरीडोर एलिवेटिड होगा।
मेट्रो के दो डिपो बनेंगे
मेट्रो ट्रेनों के संचालन के लिए दोनों कॉरीडोर पर एक-एक डिपो तैयार होगा। परियोजना के अनुसार, पीएसी ग्राउंड पर 16.3 हेक्टेयर जगह में मेट्रो ट्रेनों के लिए मरम्मत डिपो और दूसरा कालिंदी विहार में 11.9 हेक्टेयर की जमीन पर बनेगा।
Leave a comment