आगरालीक्स…आगरा से हाथरस पहुंचीआप नेता संजय सिंह की पदयात्रा. बोले— रोजगार दे वरना 10 हज़ार बेरोजगारी भत्ता दे योगी सरकार, पेपर लीक से बर्बाद हो रहा युवाओं का भविष्य
उत्तर प्रदेश में बेरोज़गारी और सामाजिक अन्याय के खिलाफ़ आम आदमी पार्टी की “रोज़गार दो- सामाजिक न्याय दो” पदयात्रा आप यूपी प्रभारी और राज्यसभा सांसद संजय सिंह के नेतृत्व में खंदौली स्थित सूरज फार्म हाउस से शुरू होकर दोपहर को हाथरस की सीमा में प्रवेश करते हुए सादाबाद स्थित राधा कृष्ण मैरिज हॉल दोपहर विश्राम के लिए पहुंची जिसके बाद शाम होते होते बिहारी जी फार्म हाउस पहुंची।पदयात्रा के दौरान संजय सिंह ने उत्तर प्रदेश में बेरोज़गारी की भयावह स्थिति को उजागर करते हुए कहा कि मनरेगा में 65% गिरावट, भर्तियों में पेपर लीक और परीक्षाएं रद्द होने से प्रदेश की रोजगार व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। उन्होंने बताया कि 2025-26 में मनरेगा के तहत 100 दिन का रोजगार पूरा करने वाले परिवारों की संख्या 6.15 लाख से घटकर मात्र 2.21 लाख रह गई है, जो सरकार की नीतियों की विफलता का स्पष्ट प्रमाण है।
उन्होंने आगे कहा कि “94 लाख आवेदन पर सिर्फ 58 हजार नौकरियां देना इस बात का सबूत है कि प्रदेश का युवा किस स्तर की बेरोज़गारी झेल रहा है। ऊपर से पेपर लीक जैसी घटनाएं युवाओं का भविष्य बर्बाद कर रही हैं।” उन्होंने 2026 में पुलिस सब-इंस्पेक्टर भर्ती में पेपर लीक के आरोप, टेलीग्राम पर पेपर बिकने और 2025 में असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती परीक्षा रद्द होने का जिक्र करते हुए सरकार पर युवाओं के साथ धोखा करने का आरोप लगाया।
सामाजिक न्याय के मुद्दे पर बोलते हुए संजय सिंह ने कहा कि हाथरस से बाराबंकी तक दलितों, महिलाओं और युवाओं पर अत्याचार हो रहे हैं और पूरा प्रदेश रोजगार और न्याय दोनों से वंचित होता जा रहा है। उन्होंने 2020 के हाथरस कांड, सहपऊ क्षेत्र में दलित विधवा के साथ दुष्कर्म, बाराबंकी में युवती के साथ दुष्कर्म, कानपुर में महिला उत्पीड़न और गोरखपुर में पंचायत के दौरान महिला की हत्या जैसी घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि यह अकेली घटनाएं नहीं बल्कि पूरे सिस्टम की विफलता है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री 25 करोड़ नागरिकों के मुख्यमंत्री हैं वह केवल किसी विशेष जाति या धर्म के मुख्यमंत्री नहीं है। यह बात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को समझनी चाहिए।उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर युवाओं को तत्काल रोजगार नहीं दिया गया तो उन्हें हर महीने 10,000 रुपये का बेरोजगारी भत्ता दिया जाए, वरना आम आदमी पार्टी सड़क से सदन तक संघर्ष तेज करेगी। इस दौरान आप के वरिष्ठ नेता दिलीप पाण्डेय ने कहा कि हाथरस की धरती पर यह पदयात्रा सिर्फ एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं बल्कि अन्याय के खिलाफ जनआंदोलन बन चुकी है। उन्होंने कहा कि जिस तरह जनता का समर्थन मिल रहा है, वह इस बात का संकेत है कि प्रदेश की जनता अब बदलाव चाहती है और अन्याय के खिलाफ खुलकर आवाज उठाने को तैयार है।