आगरालीक्स…500 बार मौके मिले तो हर बार कलाकार ही बनना चाहूंगा, आगरा आए अभिनेता राजपाल यादव ने अपने अंदाज से सभी को किया प्रभावित. बोले—अपने अंदर झांको तो हर आदमी धमाका है
ताज साहित्य उत्सव के फिल्म, साहित्य और संगीत सत्र में अभिनेता राजपाल यादव शनिवार को आगरा पहुंचे. गोयनका साहित्य अकादमी द्वारा जीडी गोयनका पब्लिक स्कूल में आयोजित दो दिवसीय इंटरनेशनल ताज साहित्य उत्सव में बॉलीवुड स्टार राजपाल यादव ने कहा कि जीवन के हर मंच पर कहीं पढ़ कर, कहीं गढ़ कर तो कहीं सुनकर 500 जीवन जीने का मौका मिला. उन्होंने कहा कि 500 बार मौके मिले तो हर बार कलाकार ही बनना चाहूंगा. हम भाग्यशाली हैं कि हमें कला का आकार और विज्ञान समझने के लिए काम करने का मौका मिला. जब तक जीवन है यह सेवा चलती रहेगी. उन्हें जीडी गोयनका पब्लिक स्कूल के उपाध्यक्ष संजय अग्रवाल ने ताज साहित्य उत्सव-2026 के अवार्ड से सम्मानित किया. इस अवसर पर कार्यक्रम संयोजक पवन आगरी व कार्यक्रम समन्वयक व स्कूल के प्रधानाचार्य पुनीत वशिष्ठ भी मौजूद थे.

राजपाल यादव ने कहा कि मैं दुनिया से 25 साल से लड़ रहा हूं कि कौन कॉमेडियन नहीं है. 8 रस फीके पड़ जाते है, जब हास्य आ जाता है. शांत रस की मुस्कुराहट हास्य है. मनोरंजन विज्ञान है। हंसी ना हो तो सब नीरस होता है. क्योंकि कलाकार किसी एक रस में नहीं बांधता है वो सभी रसों का जानकार होता है. अपने अंदर झांको हर आदमी अपने आप में धमाका है. किताबें पढ़ा करो, आपके अंदर छुपे हुए सारे धमाके हैं. जीवन में बहुत कुछ है जो आपको डिप्रेशन में डाल देते हैं.
बच्चों को राजपाल यादव ने दी सलाह
राजपाल यादव ने कार्यक्रम में मौजूद सभी बच्चों व उनके अभिभावकों से कहा कि नम्बर, रंग और कमजोरी पर कभी विश्वास मत करना. पढ़ाई में नम्बर अच्छे नहीं तो मतलब आप किसी और काम के लिए बने हो, उसमें मेहनत करो. अपने रंग, किसी भी प्रकार की कमजोरी और रिजल्ट के नम्बर से खुद को कम कने की गलती मत करो. हर व्यक्ति में कोई न कोई खूबी होती है.

बॉलीवुड स्टार राजपाल यादव ने साहित्य उत्सव में पत्रकार-लेखक पीयूष पांडे की नयी किताब ‘उसने बुलाया था’ का विमोचन भी हुआ. पेंगुइन से प्रकाशित उनकी ये किताब क्राइम फिक्शन है. इससे पहले उनकी लिखी अभिनेता मनोज बाजपेयी की बायोग्राफी खासी चर्चित हुई थी. इसके साथ डॉ. बला जमाल की जुलैखा, पंकज शर्मा की खिड़कियां, नाव्या वशिष्ठ की उलझन, यशवी शर्मा की मिसबी लाइफ, देवश्या चतुर्वेदी की अ गार्डन ऑफ स्टोरीज का विमोचन किया. इस अवसर पर मुख्य रूप से जीडी गोइनका पल्बिक स्कूल के 34 विद्यार्थियों की रचनाओं से समाहित ड्रीमलाइन पुस्तक का भी विमोचन किया गया.