आगरालीक्स..आगरा कोर्ट में हुई कंगना रानौत की वकील और वादी अधिवक्ता के बीच बहस. डेढ़ घंटे तक चली बहस. सुनवाई के लिए अब कोर्ट ने ये तारीख की निश्चित
आगरा की एमपी एमएलए कोर्ट में गुरुवार दोपहर को अभिनेत्री और मंडी से भाजपा सांसद कंगना रानौत से जुड़े केस में सुनवाई हुई. स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए अनुज कुमार सिंह की कोर्ट में कंगना के अधिवक्ता और वादी अधिवक्ता रमाकांत शर्मा के अधिवक्ता ने अदालत में गुरुवार को करीब डेढ़ घंटे तक जोरदार बहस हुई. भाजपा सांसद व अभिनेत्री कंगना राणावत की ओर से सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता अनसूया चौधरी ने कोर्ट में तमाम रूलिंग और अपने तर्क प्रस्तुत किए.कंगना की वकील ने कहा कि समाचार पत्रों और न्यूज चैनल की खबरों पर किसी को दोषी नहीं ठहराया जा सकता है. इस वरिष्ठ अधिवक्ता रमाशंकर एडवोकेट ने कहा कि अगर नेता विपक्षी दल राहुल गांधी दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जैसे तमाम नेताओं के विरुद्ध समाचार पत्र और न्यूज़ चैनलों के आधार पर एफआईआर की जा सकती है. उन्हें कोर्ट तलब कर सकता है तो फिर कंगना रनौत के मामले में क्यों नहीं कर सकता है. दोनों पक्ष की बहस सुनने के बाद कोर्ट ने इस मामले में अगली सुनवाई की तारीख 6 मई दी है. जबकि, इस मामले में पहले ही कोर्ट के आदेश पर न्यू आगरा थाना पुलिस अपनी आख्या रिपोर्ट भी पेश कर चुकी है.
कोर्ट ने दी छह मई की तारीखअभिनेत्री की अधिवक्ता ने कहा कि कंगना ने कभी भी महात्मा गांधी और शहीदों का अपमान नहीं किया और ना ही किसानों का अपमान किया है. पूर्व में कंगना ने सन 2014 में भारतीय जनता पार्टी की मेनिफेस्टो से प्रभावित होकर कई बयान दिए थे. जिस पर वादी के अधिवक्ता दुर्ग विजय सिंह भैया ने बताया कि इंस्टाग्राम पर कंगना राणावत की पोस्ट को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एवं भाजपा के तमाम नेताओं ने तीव्र निंदा की थी. देश के तमाम इतिहासकारों साहित्यकारों विद्वानों ने कंगना से महात्मा गांधी के प्रति की गई अभद्र टिप्पणी को लेकर उनसे पद्मश्री वापस करने की तक की मांग कर डाली थी. किसानों के अपमान का मामला तो कंगना ने अगस्त 2020 से दिसंबर 2021 तक धरने पर बैठे किसानों को हत्यारा बलात्कारी और अलगाव बादी बताया था. बहस के बाद कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख छह मई दी है.
देश, किसान और महात्मा गांधी का सम्मान जरूरी
वादी व राजीव गांधी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता रमाशंकर शर्मा का कहना है कि अभिनेत्री व भाजपा सांसद कंगना राणावत के विवादित बयान से बेहद आहत हूं. मैं एक किसान परिवार से हूं. मैंने पिता के साथ खेतों में काम किया. वकालत से पूर्व करीब 30 वर्ष तक कृषि कार्य किया है. देश, किसानों के प्रति और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के प्रति पूर्ण रूप से श्रद्धा भाव व सम्मान मैं रखता हूं. देश के किसानों के खिलाफ अमर्यादित टिप्पणी करने तथा महात्मा गांधी के अहिंसात्मक सिद्धांत का अपमान की किसी को अनुमति नहीं है. अभिनेत्री व भाजपा नेता कंगना राणावत ने देश के लाखों किसानों पर अशोभनीय टिप्पणी की. जो बर्दाश्त नहीं है. ये राष्ट्रद्रोह और राष्ट्र के अपमान जैसा गंभीर अपराध है. इसमें इस मामले में अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना राणावत के खिलाफ राष्ट्रदोह और राष्ट्र अपमान का मुकदमा दर्ज कराने की मांग कर रहा हूं.