आगरालीक्स…आगरा में ताजमहल को छोड़ सभी स्मारक रात को तिरंगे की रोशनी में रंग रहे हैं. जानिए क्यों ताजमहल है इससे अछूता…
भारत सरकार द्वारा आजादी के 75वें वर्ष को लेकर इस समय ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ मनाया जा रहा है. केंद्र सरकार ने इस खास मौके पर देश के सभी ऐतिहासिक स्मारकों को तिरंगे की रोशनी से सजाने का फैसला किया है. आगरा के भी सभी स्मारक आगरा किला, सिकंदरा, फतेहपुर सीकरी, एत्माद्दौला रात को तिरंगे की रोशनी में नजर आ रहे हैं लेकिन विश्व प्रसिद्ध और संगमरमरी इमारत ताजमहल पर रात को तिरंगे की रोशनी नहीं की जा रही है. देश के सभी स्मारकों पर जब तिरंगे की रोशनी में सजाने का नियम हैं तो ताजमहल पर क्यों नहीं….दरअसल इसके पीछे कारण है सुप्रीम कोर्ट का एक निर्देश, जिसमें रात के समय ताजमहल में रोशनी नहंी की जा सकती है.

आगरा के इतिहासकारों को पुरातत्वविदों के अनुसार मित्र देशों की सेनाओं ने जब द्वितीय श्वि युद्ध जीता था तो ताजमहल विभिन्न रोशनी से जगमगाया गया था. आखिरी बात ताजमहल को 20 मार्च 1997 को प्रसिद्ध पियानोवादक यानी के एक संगीत कार्यक्रम में रात को रोशन किया गया था लेकिन इस कार्यक्रम के अगली सुबह ताजमहल पर मरे हुए कीड़े भारी संख्या में पाए गए थे जिसके बाद भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की केमिकल विंग ने सिफारिश की थी कि ताजमहल को रात में रोशन नहंी किया जाए, क्योंकि कीड़े स्मारक के संगमरमर को नुकसान पहुंचाते हैं. उसके बाद से ताजमहल में रोशनी पर लगी रोक नहंी हटाई गई है.