आगरालीक्स …आगरा में बसपा सरकार में बना अंबेडकर पुल दोबारा क्षतिग्रस्त हो गया है, यमुना ब्रिज की तरफ से आने पर ज्वाइंट उखड़ गया। बीम के समीप का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। एक ब्लाक की स्लैब उखड़ गई है और सरिया दिखाई दे रही है।
आगरा में स्ट्रेची और जवाहर पुल के बीच में बेलनगंज पर बसपा सरकार में अंबेडकर पुल का शिलान्यास हुआ था। यह 2010 में चालू हो गया, पुल में दरार पडने के साथ स्लैब उखडने लगी हैं। इस पुल से यमुना एक्सप्रेस वे से आने वाले वाहन ताजमहल की तरफ जाते हैं, पुल के घुमाव से वाहनों को भी समस्या आती है। पुल के निर्माण के साथ ही गुणवत्ता पर भी सवाल उठे थे लेकिन शिकायतों को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। मीडिया से डीएम गौरव दयाल का कहना है कि सेतु निगम से पुल की मरम्मत कराई जाएगी।
7 जून 2016 को पुल हुआ क्षतिग्रस्त
7 जून 2016 को आगरा में यमुना पर छह साल पहले बना अंबेडकर पुल आधी रात को पूरी तरह से बंद कर दिया गया था। यह पुल क्षतिग्रस्त हो गया था और बडा हादसा बच गया, इसकी मरम्मत की जा रही है। पुल की गुणवत्ता की जांच के लिए सैंपल भेजे जा रहे हैं। बसपा सरकार में 2008 में पुल का शिलान्यास हुआ और 2010 में पुल वाहनों के लिए खोल दिया गया था। अंबेडकर पुल में दोबारा से गड्ढे होने लगे थे। ज्वाइंट्स के गार्डर टूटने की वजह से गहरी दरारें हो गई थीं लेकिन अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। शनिवार रात को पुल का एक बड़ा हिस्सा धंस गया और वहां गहरा गड्ढा हो गया। जब वाहनों के गुजरने से तेज धमाके होने लगे तो पुलिसकर्मियों ने वहां मोबाइल बैरियर रखकर उस हिस्से में वाहनों को जाने से रोक दिया।
सोमवार को सेतु निगम की टीम ने पुल के हिस्से को खोदने का काम शुरू कर दिया, इस हिस्से से सीमेंट और कंकरीट को निकाला जा रहा है। पुल के निचले हिस्से में प्लेट लगाकर सरियों के पुराने जाल में भी नया जाल लगाया जाएगा। उसके बाद कंकरीट की नई लेयर डाली जाएगी। सेतु निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर नवाब सिंह का कहना है कि इस काम में कम से दो दिन लगेंगे लेकिन कंकरीट को सेट होकर मजबूत होने में कम से कम सात दिन का वक्त लगेगा।