आगरालीक्स ..आगरा में 11 दिन में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 48 लाख लोगों की स्क्रीनिंग कर ली, इसमें तीन कोरोना के मरीज मिले हैं, क्या आपके घर टीम पहुंची।
आगरा में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग जनपद आगरा ने शासन के आदेश पर जिले भर में कोविड-19 के पेशेंट्स की पहचान करने के लिए कोविड सर्विलांस सर्वे कराया था। 5 जुलाई को शुरू हुए इस सर्वे में 15950 टीमों ने 944850 घरों का सर्वे किया, टीम घर घर पहुंची।
पूछा गया कि परिवार में किसी सदस्य को बुखार, जुकाम, खांसी सहित कोई अन्य परेशानी तो नहीं है यदि कोई सदस्य पहले से डायबिटीज, ब्लड प्रेशर सहित अन्य बीमारियों से ग्रसित है तो सर्वे में ऐसे लोगों की भी जानकारी जुटाई गई इसके साथ ही शासन के आदेश के अनुसार 1808 ऐसे सीवियर एक्यूट रैस्पिरेटरी इंफेक्शन (सारी ) से ग्रसित रोगियों की पहचान की गई इसके बाद इन्हें कोरोना सस्पेक्ट मानते हुए टीम ने अपने प्रभारी को इसकी सूचना दी इसके बाद उस व्यक्ति का कोरोना सैंपल लिया गया । सीएमओ डॉ आरसी पांडे ने बताया कि ये सर्वे कोविड-19 से चल रही लड़ाई में काफी मददगार साबित होगा इससे हमें पता चल गया है कि अभी आगरा में कोविड-19 की स्थिति गंभीर नहीं है इसके आधार पर हमने 1808 सस्पेक्ट की जांच कराई है इनमें से अब तक केवल तीन लोगों की ही रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। 15 नोडल अधिकारी जिसमें जनपद के विभिन्न अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. यू. के. त्रिपाठी , डा. एस. एम. तोमर , डा. सीमा मेहरा , डा. बिनय कुमार , डा. यू.बी. सिंह के अतिरिक्त उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. सन्त कुमार , डा. पी. के. शर्मा , डा. आर. के. आग्निहोत्री आदि एवं शहरी क्षेत्र के नोडल अधिकारी डॉ. संजीव वर्मन ने शहरी क्षेत्र जिले भर में टीमों के निर्देशन में ए. एन. एम. , आशा कार्यकत्री शामिल रहे।
16 हजार मधुमेह रोगी
16484 मधुमेह के रोगी, 10529 उच्च रक्तचाप रोगी, 632 कैंसर रोगी, 1658 ह्रदय रोगी और 656 गुर्दा रोगियों, 1158 बुखार, 1904 खांसी और 1244 लोमें सांस लेने में परेशानी की समस्या वाले मरीज मिले।