आगरालीक्स…हरियाली तीज 15 अगस्त को. दांपत्य जीवन में खुशियां लाने का पर्व. कजरी तील और हरतालिका तीज कब है…जानें
सावन का महीना भगवान शिव और माता पार्वती की भक्ति के लिए बेहद खास माना जाता है। इस दौरान आने वाले व्रत और त्योहारों में हरियाली तीज का विशेष महत्व है। सुहागिन महिलाएं इस दिन पति की लंबी आयु, अखंड सौभाग्य और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना से व्रत रखती हैं और भगवान शिव-माता पार्वती की पूजा करती हैं।
ज्योतिषाचार्य पं. हृदय रंजन शर्मा ने बताया की मान्यता है कि श्रद्धा और विधि-विधान से हरियाली तीज का व्रत करने से दांपत्य जीवन में प्रेम और खुशहाली बनी रहती है। वहीं, अविवाहित युवतियां भी मनचाहे जीवनसाथी की प्राप्ति की इच्छा से यह व्रत रखती हैं। तीज के दिन महिलाएं मेहंदी लगाती हैं, हरे रंग के कपड़े पहनती हैं, झूला झूलती हैं और लोकगीतों के साथ पर्व का आनंद लेती हैं। हर साल की तरह 2026 में भी तीज के पर्व को लेकर लोगों में उत्सुकता है। खास बात यह है कि अगस्त में हरियाली तीज और कजरी तीज, दो प्रमुख तीज पर्व पड़ेंगे। इसके बाद सितंबर में हरतालिका तीज मनाई जाएगी।
आइए जानते हैं तीनों तीज की सही तारीख और महत्व –
अगस्त 2026 में तीज पर्वों की शुरुआत हरियाली तीज से होगी। इसके करीब दो सप्ताह बाद कजरी तीज का पर्व मनाया जाएगा। ज्योतिषाचार्य पं. हृदय रंजन शर्मा जी के अनुसार दोनों ही तीज पर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का विधान है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इन व्रतों को करने से वैवाहिक सुख, अखंड सौभाग्य और परिवार की खुशहाली का आशीर्वाद प्राप्त होता है।
हरियाली तीज 2026
हरियाली तीज श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाई जाती है। 2026 में तृतीया तिथि 14 अगस्त की शाम 6:46 बजे शुरू होगी और 15 अगस्त की सुबह 5:28 बजे समाप्त होगी। उदया तिथि के अनुसार हरियाली तीज का व्रत 15 अगस्त 2026, शनिवार को रखा जाएगा। हरियाली तीज को श्रावण तीज, छोटी तीज और सिंधारा तीज के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन महिलाएं भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा कर अपने पति की दीर्घायु और दांपत्य जीवन में सुख-शांति की प्रार्थना करती हैं।
कजरी तीज 2026
हरियाली तीज के लगभग 15 दिन बाद कजरी तीज आती है। ज्योतिषाचार्य पं. हृदय रंजन शर्मा जी के अनुसार इसे बड़ी तीज और कजली तीज के नाम से भी जाना जाता है। साल 2026 में तृतीया तिथि 30 अगस्त की सुबह 9:36 बजे शुरू होगी और 31 अगस्त की शाम 8:50 बजे समाप्त होगी। उदया तिथि के आधार पर कजरी तीज का व्रत 31 अगस्त 2026 को रखा जाएगा। इस दिन भी महिलाएं भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं। पति की लंबी आयु, अखंड सौभाग्य और परिवार में सुख-समृद्धि की कामना से व्रत रखा जाता है।
हरतालिका तीज 2026
हरियाली और कजरी तीज के बाद सितंबर में हरतालिका तीज का पर्व मनाया जाएगा। ज्योतिषाचार्य पं. हृदय रंजन शर्मा जी ने बताया की 2026 में भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि 13 सितंबर की सुबह 7:08 बजे शुरू होगी और 14 सितंबर की शाम 7:06 बजे समाप्त होगी। उदया तिथि के अनुसार हरतालिका तीज का व्रत 14 सितंबर 2026, सोमवार को रखा जाएगा। हरतालिका तीज पर भगवान शिव, माता पार्वती और भगवान गणेश की पूजा की जाती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस व्रत को श्रद्धा और नियमपूर्वक करने से दांपत्य जीवन में प्रेम, सुख और समृद्धि बनी रहती है। अविवाहित कन्याएं भी मनचाहे वर की कामना से यह व्रत करती हैं।