आगरालीक्स… आगरा की सपा प्रत्याशी 34 साल की रुपाली दीक्षित का बयान सुर्खियों में हैं, उनका कहना है कि सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को तीन मिनट में टिकट देने के लिए मना लिया। विदेश में पढ़ाई करने के बाद दुबई में एक एमएनसी कंपनी की नौकरी छोड़कर ग्रामीण क्षेत्र में रह रही रुपाली दीक्षित सपा से चुनाव लड़ रही हैं।
सपा से आगरा की फतेहाबाद सीट के लिए राजेश शर्मा को प्रत्याशी बनाया गया, फतेहाबाद में 2015 से काम कर रहीं रुपाली दीक्षित सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिली। रुपाली दीक्षित का कहना है कि उन्होंन तीन मिनट में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को टिकट देने के लिए मना लिया और उन्हें टिकट दे दी गई।

तीन मिनट में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को टिकट के लिए इस तरह मनाया
सपा प्रत्याशी रुपाली दीक्षित का कहना है कि मैं जब सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिली तो उन्होंने मुझसे पूछा कि मैं क्या चाहती हूं, मैंने कहा कि मैं भाजपा के प्रत्याशी छोटेलाल वर्मा के खिलाफ चुनाव लड़ना चाहती हूंं। क्योंकि उन्होंने (छोटेलाल वर्मा) आपत्तिजनक टिप्पणी की थी और मैं आपको विश्वास दिलाती हूं कि मैं इस सीट से जीतूंगी। उन्होंने अखिलेश यादव को बताया कि भाजपा के प्रत्याशी ने ठाकुर समुदाय का अपकान किया और एक वीडियो क्लिक में मेरे पिता अशोक दीक्षित पर अभद्र टिप्पणी की।
जेल में बंद बाहुबली अशोक दीक्षित की बेटी हैं रुपाली दीक्षित
रुपाली दीक्षित बाहुबली 75 साल के अशोक दीक्षित की बेटी हैं, उन्हें हत्या के मामले में दोषी पाए जाने पर 2015 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। अपने परिवार और परिवार का बिजनेस देखने के लिए 2015 में दुबई से फतेहाबाद आगरा आ गईं। रुपाली दीक्षित दुबई में 2012 से एमएनसी कंपनी में नौकरी कर रहीं थी।
कार्डिफ और यूनिवर्सिटी आफ लीडस से एमबीए और एमए की
रुपाली दीक्षित ने सिम्बोयसिस कालेज पुणे से स्नातक की,इसके बाद वे इंग्लैंड चली गईं और कार्डिफ यूनिवर्सिटी से एमबीए किया, इसके बाद यूनिवर्सिटी आफ लीडस से मार्केटिंग में एमए किया और दुबई में एमएनसी कंपनी में नौकरी करने लगीं। 2015 में आगरा लौटने के बाद उन्होंने अपने पिता की लड़ाई लड़ने के लिए लॉ की डिग्री भी ली।
भाजपा के लिए काम किया और सपा से लड़ रहीं चुनाव
रुपाली दीक्षित बताती हैं कि उन्होंने अपने क्षेत्र की समस्याएं, बेटियों को अच्छी शिक्षा मिले। समाज के सभी वर्ग के लोगों को उनके अधिकार प्राप्त हों इसके लिए 2017 में भाजपा से जुड़कर राजनीति में कदम रखा और काम किया। मगर,उन्हें 2022 के चुनाव में भाजपा ने टिकट नहीं दी, ऐसे में उन्होंने सपा से टिकट की मांग की। विधानसभा चुनाव 2022 में वे आगरा की फतेहाबाद सीट से सपा से चुनाव लड़ रही हैं, इस सीट पर भाजपा से छोटेलाल वर्मा और बसपा से शैलू जादौन प्रत्याशी हैं।