आगरालीक्स.. ..नगर निगम चुनाव में पक्की जीत को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं में टिकट के बंटवारे पर बगावत होने लगी है, एक पार्षद पद के प्रत्याशी ने भाजपा छोड दी है तो दूसरे ने चेतावनी दी है, मेयर पद को लेकर दावेदारों की संख्या अधिक होने से पार्टी प्रत्याशी पर निर्णय लेने से पहले हर पहलू पर विचार कर रही है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, वार्ड 47 से निर्वतान भाजपा पार्षद गजराज सिंह ने टिकट न मिलने पर भाजपा छोडकर बसपा ज्वाइन कर ली है। वहीं, कई और पार्षद पद के प्रत्याशियों ने अलग अलग तरीके से विरोध शुरू कर दिया है, सोशल मीडिया पर भी पार्षद पद के प्रत्याशियों के नाम से पोस्ट डाली गई हैं, इसमें लिखा गया है कि भाजपा से टिकट न मिलने पर विद्रोह किया जाएगा।
मगर, भाजपा ने अभी घोषणा नहीं की है, दो दावेदारों में से एक को टिकट मिलनी है, इसमें से पुरुषोत्तम खंडेलवाल और नवीन जैन को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं। हालांकि भाजपा से मेयर पद के लिए 58 दावेदार सामने आए थे। कांग्रेस ने भी अभी प्रत्याशी घोषित नहीं किया है, रालोद ने लोचन चौधरी को प्रत्याशी बनाया है।
आगरा में मेयर के लिए 12. 52 लाख मतदाता वोट से चोट करेंगे, छह नवंबर तक नामांकन किया जा सकेगा। वहीं, 10 नवंबर को चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाएंगे।
आगरा में पहले चरण में नगर निगम चुनाव हो रहा है, इसके लिए शनिवार को जिला निर्वाचन अधिकारी सार्वजनिक सूचना निर्गत करेंगे, 29 से छह नवंबर तक नामांकन होगा, सात नवंबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, नौ नवंबर को नाम वापसी और 10 नवंबर को चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाएंगे।
13 निकायों के लिए चुनाव
आगरा में एक नगर निगम, पांच नगर पालिका परिषद और सात नगर पंचायत के लिए चुनाव होगा, सबसे ज्यादा मतदाता 12 52 नगर निगम में हैं। इसके बाद नगर पंचायत फतेहपुर सीकरी में 26 हजार मतदाता हैं जबकि स्वामी बाग नगर पंचायत पर 1557 मतदाता हैं।
मेयर के लिए 20 लाख का खर्चा
इस बार मेयर पद के प्रत्याशी के लिए खर्चे की लिमिट 20 लाख की गई है, पार्षद दो लाख, नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष छह लाख और नगर पालिका परिषद सदस्य डेढ लाख खर्चा कर सकेंगे। निर्वाचन व्यय के अनुश्रवण के लिए जिला स्तरीय कमेटी गठित की गई है।