आगरालीक्स(06 August 2021 Agra News)… मोदी सरकार ने शुक्रवार को राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार का नाम बदलकर मेजर ध्यानचंद खेल रत्न अवार्ड कर दिया है। अब उनको भारत रत्न देने की मांग…।
शुक्रवार को ट्वीट कर दी जानकारी
केंद्र की मोदी सरकार ने शुक्रवार को बड़ा फैसला किया है। अब राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार का नाम बदल दिया है। सरकार ने इसे मेजर ध्यानचंद के नाम से करने का फैसला लिया है। शुक्रवार दोपहर को पीएम ने इस बारे में ट्वीट कर जानकारी दी।
ये कहा ट्वीट में
पीएम ने ट्वीट में लिखा है कि देश को गर्वित कर देने वाले पलों के बीच अनेक देशवासियों का ये आग्रह भी सामने आया है कि खेल रत्न पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद जी को समर्पित किया जाए। लोगों की भावनाओं को देखते हुए, इसका नाम अब मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार किया जा रहा है।

तीस साल पहले हुई थी शुरुआत
भारत में खेलों में दिया जाने वाला राजीव गांधी खेल रत्न सर्वोच्च पुरस्कार हैं। 1991—1992 में तब की केंद्र सरकार ने इसकी शुरुआत की थी। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सबसे पहले ये पुरस्कार भारतीय ग्रैंड मास्टर विश्वनाथन आनंद को दिया गया था। 45 खिलाड़ियों को ये पुरस्कार अब तक दिया जा चुका है। हाल में क्रिकेटर रोहित शर्मा, पैरालंपियन हाई जम्पर मरियप्पन थंगवेलु, टेबल टेनिस प्लेयर मनिका बत्रा, रेसलर विनेश फोगाट को ये पुरस्कार दिया गया है।
ये मिलता हैं
इस पुरस्कार के तहत प्रशस्ति पत्र, अवॉर्ड और 25 लाख रुपए दिए जाते हैं।
आगरा के लोग बोले, भारत रत्न दिया जाए
खेलों के सर्वोच्च पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद के नाम से कर देने के बाद आगरा के लोगों का कहना है कि ये अच्छा फैसला है। लेकिन ध्यानचंद को भारत रत्न भी दिया जाना चाहिए। खिलाड़ी मुकेश खंडेलवाल ने बताया कि यह कायदे से क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर से पहले ही मिल जाना चाहिए था। अभी भी कोई देर नहीं हुई है।