आगरालीक्स…स्वास्थ खराब रहता है तो उत्तर-उत्तर-पूरब दिशा में लगाएं चांदी का स्वास्तिक. मिलेगा लाभ. पूरी जानकारी दे रहीं वास्तु विशेषज्ञ अंशु पारीक
स्वास्थ की दृष्टि से उत्तर-उत्तर-पूरब दिशा बहुत महत्वपूर्ण है। यहां किसी भी तरह का वास्तु दोष या एंटी कलर आपके स्वास्थ को प्रभावित कर सकता है। परिवार में यदि किसी का भी अक्सर स्वास्थ खराब रहता है तो उत्तर-उत्तर-पूरब दिशा में चांदी का स्वास्तिक लगाने से लाभ मिलेगा। इस दिशा में रोली से लाल रंग का स्वास्तिक बनाने से बचना चाहिए। सबसे अच्छा यहां चांदी का स्वास्तिक स्थापित करना है। वास्तु रहित उत्तर-उत्तर-पूरब दिशा में समय बिताने से भी स्वास्थ बेहतर रहता है। इस दिशा में दवा का रखना बी अच्छा है। इस दिशा में रखी गई दवाएं, स्वास्थ को जल्दी ठीक करने में मददगार होती हैं।
स्वास्थ ठीक रखने के लिए उत्तर-उत्तर-पूरब दिशा में क्या न होः इस दिशा में लाल, नारंगी रंग सबसे प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। गुलाबी रंग भी (लाल रंग से जुड़े शेड) नहीं होना चाहिए। पीले रंग की अधिकता मन को बोझिल और कुछ नया न करने की भावना को पैदा करती है। रसोई और टॉयलेट का होना खराब है इस दिशा में। यहां कोई वास्तुदोष होने के बजाय साफ सुथरा और हल्का होने पर यह दिसा आपको स्वस्थ रहने में मदद करती है। स्वास्थ की दृष्टि से इस दिशा में नीला, हरा और ऑफ वाइट रंग का होना अच्छा है।
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अंशु पारीक — 7983687201