आगरालीक्स …इस बार नवरात्र पर आरंभ शश राजयोग, भद्र रायोग और बुधादित्य योग सहित तीन दुर्लभ संयोग बन रहे हैं।
हाथी पर सवार होकर आएंगी मां भगवती, मुर्गे पर सवार होकर जाएंगी देवलोक। ज्योतिषाचार्य पंडित हृदयरंजन शर्मा अध्यक्ष श्री गुरु ज्योतिष शोध संस्थान गुरु रत्न भण्डार पुरानी कोतवाली सर्राफा बाजार अलीगढ़ ने बताया कि 9 दिन के हैं जो रविवार 15 अक्टूबर से प्रारंभ हो रहे हैं और महानवमी 23 अक्टूबर 2023 तक चलेंगे विजयदशमी दशहरा इस बार 24 अक्टूबर दिन मंगलवार को है इस बार शरदनवरात्र में देवी मातारानी का आगमन देवलोक से हाथी पर सवार होकर आ रही है .
नवरात्र के पश्चात विजयदशमी वाले दिन मुर्गे पर सवार होकर देवलोक वापस जाएंगी अतः इस बार माता का आगमन और प्रस्थान दोनों सही हैं परंतु मंगलवार को विजयदशमी वाले दिन जो देवी माता देवलोक को प्रस्थान करेंगी इससे तात्पर्य युद्ध और कम वर्षा होना अत्यधिक भीषण गर्मी पड़ने का सूचक है इससे बेरोजगारी और गुंडागर्दी में अपराध में वृद्धि होती है
शरद नवरात्रि 15 अक्टूबर 2023 से 23 अक्टूबर 2023 तककी शुभ तिथियां.
नवरात्रि दिन 1 (प्रतिपदा)घटस्थापना : मां शैलपुत्री पूजा, 15 अक्टूबर 2023 (रविवार)
नवरात्रि दिन 2 (द्वितीया)मां ब्रह्मचारिणी पूजा,16 अक्टूबर 2023 (सोमवार)
नवरात्रि दिन 3 (तृतीया)मां चंद्रघंटा पूजा, 17 अक्टूबर 2023 (मंगलवार)
नवरात्रि दिन 4 (चतुर्थी)मां कूष्मांडा पूजा, 18 अक्टूबर 2023 (बुधवार)
नवरात्रि दिन 5 (पंचमी)मां स्कंदमाता पूजा,19 अक्टूबर 2023 (गुरुवार)
नवरात्रि दिन 6 (षष्ठी)मां कात्यायनी पूजा, 20 अक्टूबर 2023 (शुक्रवार)
नवरात्रि दिन 7 (सप्तमी)मां कालरात्रि पूजा, 21 अक्टूबर 2023 (शनिवार)
नवरात्रि दिन 8 (अष्टमी)मां महागौरी, दुर्गा महा अष्टमी पूजा, 22 अक्टूबर 2023, (रविवार)
नवरात्रि दिन 9 (नवमी)मां सिद्धिदात्री,महानवमी , नवरात्रि पारणा 23 अक्टूबर 2023, (सोमवार)
नवरात्रि दिन 10 (दशमी)दुर्गा विसर्जन,और देवी माता का मुर्गेपर,देवलोकगमन विजय दशमी 24 अक्टूबर 2023, (मंगलवार)
इस बार शरद नवरात्रि में देवी मां हाथी पर सवार होकर लोगों के घरों में आ रही हैं और शरद नवरात्रि की समाप्ति पर मुर्गे पर सवार होकर ही देवलोक को वापस जाएंगी इस दिन चित्रा नक्षत्र शुक्ला और वैधृति योग पढ़ रहे हैं शरद नवरात्रि कलश स्थापना में इस बार ग्रहों का अत्यंत दुर्लभ संयोग भी बन रहा है इस बार तुला राशि में सूर्य, बुध, मंगल केतू और चन्द्रमा का अति उत्तम संयोग बन रहा है इस बार कुम्भ राशि में स्वग्रही शनिदेव होंगे मेष राशि में राहूऔर देवगुरू बृहस्पति का गुरू चाण्डाल योग भी बना हुआ है इस वर्ष बहुत अच्छी गोचर नही कहलाई जाएगी जिसके कारण से इस बार प्राकृतिक आपदा युद्ध आगजनी भूकंप रेल दुर्घटनाएं या मारामारी हिंसा की संभावना है ज्यादा हो सकती हैं खेती पर भी इसका विपरीत असर पड़ेगा मानसून की स्थिति भी इस बार सामान्य हो सकती है
भारतीय पंचांगो के अनुसार इस साल 2023में रविवार के दिन 15 अक्टूबर को शारदीय नवरात्रा के लिए घट स्थापना की जाएगी। इस बार नवदुर्गा पूरे 9 दिन के रहेंगे रविवार 15 अक्टूबर दिन से मां दुर्गा की अलग-अलग स्वरूप में पूजा अर्चना की जाएगी। इसके बाद 24 अक्टूबर को प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा परंतु इस बार की शरद नवरात्रि पूरे 09 दिन के ही मान्य रहेंगे
घट स्थापना का श्रेष्ठ मुहूर्त
प्रातः 07:48 से दोपहर 03:00 बजे के बीच में चार विश्व प्रसिद्ध चौघड़िया मुहूर्त उपलब्ध होंगे पहले शुभ है 7:48 से दोपहर 12:05 के बीच चार लाभ अमृत के तीन सुप्रसिद्ध चौघड़िया मुहूर्त उपलब्ध रहेंगे इसी समय में अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11:30से 12:05 के बीच रहेगा जो इस दिन का सर्वोत्तम घट स्थापना का मुहूर्त कहा जाएगा इसके बाद दोपहर 1:30 से दोपहर 3:00 तक शुभ का चौघड़िया मुहूर्त भी उपलब्ध रहेगा जो इस दिन का घटस्थापना के लिए अच्छा मुहूर्त कहा जा सकता है
पहले दिन शैलपुत्री, दूसरे दिन ब्रह्मचारिणी, तीसरे दिन चंद्रघंटा, चौथे दिन कुष्मांडा, पांचवे दिन स्कंदमाता, छठवें दिन कात्यायनी, सातवें दिन कालरात्रि, आठवें दिन महागौरी व नौवें दिन सिद्धिदात्री स्वरूप है