आगरालीक्स….शुक्रवार को 26 केंद्रोें पर लगाई गई वैक्सीन. 1907 हेल्थ वर्कर्स वैक्सीन लगवाकर बोले-टीका पूरी तरह सुरक्षित
जनपद में शुक्रवार को 26 केंद्रों पर 37 सत्र में कोविड-19 टीकाकरण हुआ. इसमें 1907 लाभार्थियों को वैक्सीन लगाई गई. आईसीएमआर के जालमा इंस्टीट्यूट में कोवैक्सीन लगाई गई व अन्य केंद्रों पर कोविशील्ड वैक्सीन लगाई गई। चिकित्सकों का कहना है कि दोनों ही वैक्सीन सुरक्षित और कारगर हैं.
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर. सी. पांडेय ने बताया कि 3692 लोगों के टीका लगाया जाना था. इसमें से 1907 ने टीकाकरण करवाया. किसी भी व्यक्ति को वैक्सीन लगने के बाद कोई गंभीर परेशानी नहीं हुई. कुछ लोगों ने टीका लगने वाले स्थान पर दर्द और सूजन की समस्या बताई. गंभीर परेशानी का कोई मामला सामने नहीं आया. जालमा में 38 लोगों को कोवैक्सीन लगाई गई, वहां भी कोई गंभीर समस्या किसी को नहीं हुई है.

किसने क्या कहा
सरोजनी नायडू मेडिकल कॉलेज में सबसे ज्यादा चार सत्रों में टीकाकरण किया गया. यहां पर 118 लाभार्थियों ने टीकाकरण कराया. मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. संजय काला ने बताया कि टीकाकरण कार्यक्रम सफल रहा. कॉलेज के मेडिकल स्टाफ, विद्यार्थियों और चिकित्सकों ने टीकाकरण कराया. उन्होंने बताया कि कोरोना के दोनों ही स्वदेशी टीके सुरक्षित और कारगर हैं. उन्होंने कहा कि टीकाकरण के बाद भी हमें कोविड से बचाव जारी रखना होगा.
जिला अस्पताल के एसआईसी डॉ. एसके वर्मा ने भी अपना टीकाकरण कराया. टीकाकरण कराकर उन्होंने बताया कि टीका पूरी तरह से सुरक्षित है. टीका लगवाने के दौरान और बाद में कोई परेशानी नहीं हुई. उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा दिए जा रहे इस लाभ का फायदा उठाएं और अपनी बारी आने पर वैक्सीनेशन जरूर कराएं. उन्होंने कहा कि अस्पताल में 16 जनवरी को भी 79 स्वास्थ्यकर्मियों का टीकाकरण कराया गया था. उनको भी कोई परेशानी नहीं हुई है और वह सभी फिट हैं और अपनी ड्यूटी कर रहे हैं.
डॉ. राकेश त्यागी ने बताया कि मैंने और मेरी पत्नी दोनों ने टीकाकरण कराया है. टीका लगवाने के आधे घंटे तक निगरानी कक्ष में रहा. लेकिन मुझे और मेरी पत्नी को कोई परेशानी नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि जब टीका सभी के लिए उपलब्ध होगा तो बच्चों को भी टीका अवश्य लगवाउंगा. यह पूरी तरह से सुरक्षित है और आप भी अपना टीकाकरण अवश्य कराएँ.
जिला अस्पताल के कर्मचारी अरूण कुमार ने बताया कि मैंने अभी टीकाकरण कराया है और मुझे कोई परेशानी नहीं हुई है. टीका लगवाए हुए एक घंटे से ज्यादा हो गया है इसके बावजूद कोई परेशानी नहीं हुई है। जिला अस्पताल के कर्मचारी राकेश ने बताया कि वैक्सीन लगने से पहले डर लग रहा था, लेकिन वैक्सीन लगने के बाद कोई परेशानी नहीं हुई और मुझे अब डर नहीं लग रहा है.
सरोजनी नायडू में एमबीबीएस प्रथम वर्ष में पढ़ रहे विशाल सिंह ने बताया कि कोविड-19 का टीका लगवाने के बाद मुझे कोई परेशानी नहीं हुई है. ये पूरी तरह सुरक्षित है और मैं दूसरी डोज के लिए भी तैयार हूं.
टीकाकरण कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम और कर्मचारी तैनात रहे. इस दौरान यूनिसेफ की टीम की ओर से डीएमसी अमृतांशु, डीएमसी मधुमिता फील्ड में ऑब्जरवेशन और सपोर्ट रहा. बीएमसी सना परवीन ने जिला अस्पताल, बीएमसी शायना परवीन ने एसएन में ऑब्जरवेशन और वेटिंग रूम में सपोर्ट किया. डब्लूएचओ की ओर राजेंद्र सिंह बरूआ ने ऑब्जरवेशन और सपोर्ट किया. इस मौके पर सीफार संस्था की ओर से राना बी., जीनएनएम नीना उपाध्याय, विजय प्रकाश गुप्ता, कुमुद शर्मा, राजू, प्रकाश शर्मा, पूजा कुलश्रेष्ठ ने अपनी भूमिका निभाई.