आगरालीक्स…आगरा में 10 हजार बंदरों की नसबंदी होगी. इसके लिए वाइल्डलाइफ एसओएस ने रखा 3.48 करोड़ की धनराशि खर्च का प्रपोजल. नगर निगम के सदन में पास हुआ प्रस्ताव
आगरा में बंदरों की समस्या बहुत है. पुराने शहर में हो या फिर ताजमहल जैसे विश्वदाय स्मारक में. बंदरों के उत्पात और इनके हमले के कारण घायल होने की खबरें आए दिन आती रहती हैं. हाल ही में ताजमहल पर कई ऐसी घटनाएं सामने आई हैं जिनमें बंदरों के हमले से देशी व विदेशी पर्यटक तक घायल हुए हैं. इसको लेकर आगरा की सिविल सोसाइटी की ओर से हाईकोर्ट में भी एक याचिका दायर की जा चुकी है. आगरा नगर निगम की ओर से भी बंदरों की समस्या को दूर करने के लिए कई प्रयास किए जा चुके हैं लेकिन वो पूरी तरह से कारगर नहीं हुए हैं. ऐसे में नगर निगम की ओर से बंदरों की नसबंदी कराने के लिए वन विभाग को पत्र लिखा गया था. वन विभाग ने इसकी अनुमति दे दी है.

आज बुधवार को नगर निगम कार्यकारिणी कक्ष में महापौर नवीन जैन की अध्यक्षता में 22वीं कार्यकारिणी की बैठक इस मुद्दे को उठाया गया. सदन में शहर में बढ़ते बंदरों के उत्पात को देखते हुए इस समस्या के समाधान हेतु बंदरों की नसबंदी का प्रस्ताव लाया गया. 10 हज़ार बंदरों की नसबंदी के लिए वाइल्डलाइफ एसओएस द्वारा 3.48 करोड़ की धनराशि व्यय का प्रपोजल रखा गया. इस व्यय राशि के लिए शासन से स्वीकृति जरूरी है. इसलिए बंदरों के उत्पात से निजात पाने के लिए शहरहित में सर्वसम्मति से इस प्रस्ताव को सदन से अनुमोदित कराकर शासन को भेजने हेतु पास किया गया.