आगरालीक्स…आगरा में एक साथ 7300 लोग लेंगे अंगदान की शपथ. देहदान करने के लिए भी किया जाएगा प्रेरित. बड़े स्तर पर इस दिन आयोजन
आज केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री एसपी सिंह बघेल ने विकास भवन सभागार में प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। प्रेस वार्ता में उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 73वें जन्म दिवस की पूर्व संध्या पर 16 सितंबर को 7300 लोगों के द्वारा जीआईसी मैदान पर अंगदान की शपथ लिए जाने का लक्ष्य रखा गया है। इच्छुक लोग देहदान भी कर सकते हैं।
इस कार्यक्रम में वर्चुअल रूप से उपस्थित रहने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अनुरोध किया गया है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि होंगे। संजय प्लेस स्थित विकास भवन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि अंगदान करने वाले कम, मांगने वाले ज्यादा हैं। आगरा में ही औसतन आठ लोगों की मौत होती है लेकिन अंगदान नहीं हो पाता। उन्होंने अपील की है कि अंगदान के लिए युवाओं को आगे आना चाहिए। आगरावासी दान में आगे रहते हैं। कम्बल दान, रक्तदान, भोजन दान, नेत्रदान में आगे रहते हैं अब वे अंग दान के लिए भी आगे आएं।

प्रो बघेल ने कहा कि अंगदान करने वाला व्यक्ति मरणोपरांत भी आठ लोगों का जीवन बचा सकता है।केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि अंगदान के मामले में भारत अभी विश्व तीसरे स्थान पर है। इसे एक नम्बर पर लाना है। कोई भी निकट रिश्तेदार या फिर मित्र अंगदान कर सकता है। उन्होंने विभिन्न अंगों के दान करने की प्रक्रिया और समय सीमा की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भविष्य में यदि अंगदान करने का विचार बदल जाता है तो प्रतिज्ञा वापस ली जा सकती है या दान किए अंग की संख्या कम जा सकती है। उन्होंने बताया कि अंगदान करने के इच्छुक लोग टोल फ्री नंबर 18001147700 पर संपर्क कर सकते हैं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लोगों को अंगदान का अधिक से अधिक लाभ दिलाने के लिए नियमों में भी कई ढील दी गई है। ऐसे रोगियों से कोई पंजीकरण शुल्क भी नहीं लिया जाएगा। गौरतलब है कि केंद्रीय मंत्री स्वयं भी अंगदान की घोषणा कर चुके हैं। प्रेस वार्ता के दौरान नेशनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गनाइजेशन (नोटो) के निदेशक डा अनिल कुमार, नोटो के वरिष्ठ सीएमओ डा किशन कुमार, पार्षद गौरव शर्मा, नवीन गौतम, दिगंबर सिंह धाकरे आदि भी मौजूद रहे।