आगरालीक्स …Agra News : आज से राहू का नक्षत्र परिवर्तन हो रहा है, राहू के अपने नक्षत्र शतभिषा में प्रवेश से किस राशि के लोगों को होगा लाभ और किसे राहु करेंगे परेशान जानें ( Rahu Nakshatra Change from today, Known effect on Zodiac Sign)
अभी राहु कुम्भ राशि में गोचर कर रहे हैं। राहू बृहस्पति के नक्षत्र पूर्वाभाद्रपद को छोड़कर 23 नवम्बर 2025 को अपने स्वयं के नक्षत्र शतभिषा में प्रवेश करेंगे। अभी तक राहू पहले बृहस्पति से दृष्ट होने के साथ उनके ही नक्षत्र में चल रहे थे। परन्तु अब बहस्पति की दृष्टि हटने के साथ राहू खुद के ही नक्षत्र में प्रवेश कर रहे हैं। जादूगर और रहस्यमयी माने जाने वाले ग्रह का प्रभाव अपने नक्षत्र में आने से बढ़ जाएगा। अपने नक्षत्र में राहू किसका उद्धार और किसे करेंगे परेशान… ( Rahu Nakshatra Change from today, Known effect on Zodiac Sign)
मेष राशि में राहू एकादश भाव में गोचर करेंगे। और वहां से आपके पराक्रम, पंचम और सप्तम भाव पर दृष्टि डालेंगे। जिससे आप अपनी इच्छाओं को पूरा करने के लिए खूब मेहनत करेंगे। जिस कार्य को करने में पहले झिझक या कोई संकोच था उसे करने का साहस आपके व्यक्तित्व में आएगा। आपका सामाजिक दायरा भी बढ़ेगा। परन्तु प्रेम सम्बंधों और वैवाहिक जीवन में कुछ परेशानियां पैदा हो सकती हैं। भाई बहनों के बीच सम्बंधों में कुछ नोकझोंक हो सकती है। विदेश जाने के लिए प्रयासरत हैं तो अभी सफलता नहीं मिल पाएगी। छोटी-छोटी यात्राएं करेंगे जो लाभकारी होंगी। शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े लोगों को कुछ दिक्कत महसूस हो सकती है। जबकि टूर एंड ट्रेवल, कमीशन के काम में लाभ होगा।
वृषभः
वृषभ राशि में राहू दशम भाव में गोचर करेंगे, जहां उन्हें कारक माना गया है। दशम का राहू कार्यक्षेत्र में नई सम्भावनाओं को देने के साथ आपके जुड़े धन में भी वृद्धि करेगा। वहीं षष्ठ भाव से दृष्टि डालने के कारण आप यदि शत्रुओं के षड़यंत्र से परेशान थे तो वह परेशानी समाप्त हो जाएगी। नौकरी में परिवर्तन कराने वाले होंगे राहू। कार्यक्षेत्र में आपके शत्रु बढ़ सकते हैं, परन्तु वह आपका कुछ बिगाड़ नहीं पाएंगे। अपनी योजनाओं को उजागर करने के बजाय गुप्त रखें। किसी को घन उधार देने से बचें। लोन लेने के लिए प्रयासरत थे तो वह प्राप्त हो जाएगा। वाणी से जुड़े कार्य में लोगों को सफलता मिलेगी। परिवार में कोई नया मेहमान आ सकता है। धन की दृष्टि से यह समय बहुत अच्छा रहने वाला है।
मिथुनः
राहू आपके भाग्य भाव में गोचर करते हुए आपके लग्न, पराक्रम और पंचम भाव को दृष्ट करेंगे। भाग्य भाव में अपने नक्षत्र में गोचर कर रहे राहू आपको धर्म से जोड़ेंगे। प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, परन्तु सफलता मिलने की सम्भावना बढ़ेगी। रचनात्मकता बढ़ेगी। उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों के लिए अच्छा है। संतान पर थोड़ा ध्यान रखें। संतान को डांटने फटकारने के बजाय उसे बातचीत कर मन की बात को समझिए। स्वास्थ का खयाल रखें। मन को बेवजह के डर या भ्रम में पड़ने से बचिए। क्योंकि लग्न पर दृष्टि डालने से राहू आपके व्यक्तित्व में भ्रम की स्थिति को पैदा कर सकते हैं।
कर्क राशि में राहू अष्टम भाव में गोचर करेंगे। रिसर्च के क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए अच्छा है, परन्तु अन्य लोगों के लिए परेशानियों को थोड़ा बढ़ाने वाला हो सकता है राहू। विदेश जाने की योजना है तो सफलता मिलेगी। घर परिवार में माहौल को सुखमय बनाए रखें। किसी तीसरे के कारण घर परिवार का माहौल बिगड़ सकता है। इसलिए किसी की बात पर ख मूंद कर विश्वास न करें। मल्टीनेशनल कम्पनी या कार्यक्षेत्र में विदेश से किसी भी प्रकार से जुड़े लोगों के लिए नई सम्भावनाएं बनेंगी। दिसम्बर तक चोट चपेट की भी सम्बावनें हैं। वाहन चलाते समय सावधानी बरतें। आलस्य को भाव को हावी न होने दें। जितनी मेहनत करेंगे, राहू उतना ही अच्छा परिणाम देंगे।
सिंहः
राहू आपकी राशि से सप्तम भाव में गोचर करेंगे। इस गोचरकाल में आपको अपने वैवाहिक सम्बंध और यदि पार्टनशिप में व्यापार कर रहे हैं तो बहुत सावधानी की आवश्यकता होगी। व्यापार और वैवाहित जीवन में यदि पारदर्शिता बनी रहे तो सम्बंध अच्छे रहेंगे। आपकी इच्छाओं में वृद्धि होगी और वह पूरी भी होंगी। व्यापार और नौकरी में आर्थिक लाभ होगा। रीटेल के कार्य से जुड़े लोगों को विशेष लाभ होगा। लेखन, मार्केटिंग, मीडिया, टूर एंड ट्रेवल जैसे कार्य से जुड़े हैं तो अच्छे लाभ प्राप्त होंगे। आप जितनी मेहनत करेंगे, उतना अच्छा लाभ पराप्त कर सकते हैं। कोई नया व्यापार शुरु करने की सोच रहे हैं तो सफलता मिलेगी। छोटे भाई बहनों से सम्बंधों में संतुलन बना कर चलें।
कन्याः
आपकी राशि या लग्न से राहू छठे भाव में गोचर करेंगे। कन्या राशि में राहू को कारक होने के साथ षष्ठ भाव में गोचर करने के कारण आपको नौकरी में उन्नति दिलाने वाले होंगे। आपकी महत्वाकांक्षा बढ़ने के साथ आपकी सक्रियता भी बढ़ेगी। दिनचर्या को नियमित रखने से राहू और अधिक अच्छा फल प्रदान करेंगे। पुरानी शत्रुता या कोर्ट कचहरी में आपकी विजय होगी। षष्ठ भाव में राहू अच्छा प्रभाव देता है। परन्तु बेवजह किसी से अटकने के बजाय मेहनत पर ध्यान दीजिए। कोई कर्जा है तो उससे भी मुक्ति मिलने के संकेत हैं। आप अपनी इच्छा से नौकरी में परिवर्तन कर सकते हैं। नवी दृष्टि धन भाव पर होने से धन संचय में भी वृद्धि होगी।
तुला राशि में राहू आपके पंचम भाव में गोचर करेगा। जो आपकी रचनात्मकता और कलात्मकता में वृद्धि करेगा। नवम दृष्टि से लग्न को देखेगा राहू, यानि आपकी बुद्धि और व्यक्तित्व दोनो पर राहू का प्रभाव रहेगा। जो आपकी सोच और कार्य करने के तरीके को औरों से अलग बनाएगा। प्रेम सम्बंधों में दिक्कत पैदा कर सकता है पंचम का राहू। गर्भवती महिलाओं को इस समय सावधानी रखने की आवश्यकता रहेगी। आपके दोस्त बढ़ेंगे। इस समय आपकी भक्ति में प्रदर्शन बढ़ेगा। सम्भव है आप कीर्तन आदि में हिस्सा लें, या घर पर किसी धार्मिक आयोजन को करवाएं। भ्रम की स्थिति से बचने के लिए इस समय धर्म से जुड़े रहना अच्छा रहेगा।
वृश्चिकः
वृश्चिक राशि में राहू चतुर्थ भाव में गोचर करेंगे। जहां से यह अपनी तीन दृष्टियों से अष्टम, दशम और द्वादश भाव पर दृष्टि डालेंगे। विदेश जाने की सम्भावनाएं बढ़ेगी। खर्चे भी बढ़ेंगे। कोई पॉलिसी मैच्योर होकर उसका धन प्राप्त हो सकता है। रिसर्च क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए यह समय बहुत अनुकूल रहेगा। मकान या वाहन खरीदने के लिए समय बेहतर है परन्तु मकान बनवा रहें हैं तो राहू के राशि परिवर्तन का इंतजार कर लें। मैन्यूफैक्चरिंग के कार्य से जुड़े, याहे वह नौकरी हो या व्यवसाय नके लिए समय अच्छा रहेगा।परन्तु क्रिएटिव या कला क्षेत्र के कार्य से जुड़े लोगों का मन थोड़ा भटत सकता है।दिसम्बर तक वाहन चलाते समय सावधानी रखें। वाहन धीमी गति से चलाएं।
धनुः
आपके पराक्रम भाव में गोचर करने के कारण राहू आपके साहत में वृद्धि करेंगे। जो काम कुछ समय पहले तक आप करने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे थे, उसे अब निश्चय ही कर पाएंगे। वैवाहित जीवन में भ्रम और शक स्थिति से बचें। किसी अन्य के कारण अपने वैवाहित जीवन में कोई परेशानी खड़ी न करें। इस समय अब कोई यात्रा अवश्य करेंगे। सम्भव है कोई धार्मिक यात्रा करें। कार्यक्षेत्र के लिए अच्छा समय रहेगा। यदि पार्टनशिप में व्यापार है तो पार्टनर से तालमेल सही बना कर रखें। किसी भी तरह के दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने से पहले सही तरह से जांच लें। कार्य के अनुरूप लाभ भी मिलेगा। अच्छे लाभ होंगे, इस गोचरकाल में।
मकरः
आपकी राशि से राहू दूसरे यानि धन भाव में गोचर करेंगे। मकर लग्न और राशि में राहू को कारक भी माना गया है। द्वितीय भाव का राहू धन में वृद्धि कराता है। आपकी वाणी में आत्मविश्वास और चतुरता बढ़ेगी। परन्तु आपकी मेहनत बढ़ने वाली है। जिसका फल अच्छा होगा। धन के नए रास्ते खुलेंगे। जीवन में कोई बड़ा परिवर्तन आपका इंतजार कर रहा है। मित्रों का चयन सही तरह से करें। लगत संगति से बचें। कला क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए अच्छा है। नौकरी में यदि आप खुद को प्रसन्न महसूस नहीं कर रहे तो नौकरी जा सकती है। परन्तु ने मौके भी मिलेंगे।
कुम्भः
कुम्भ राशि में राहू आपके लग्न पर ही गोचर करेंगे। जहां से इनकी दृष्टि धर्म त्रिकोण के भाव पंचम व नवम के साथ आपके वैवाहित जीवन के भाव सप्तम भाव पर भी होगी। आपके व्यक्तित्व में बड़ा परिवर्तन देखने को मिलेगा। किसी भी हाल में कार्य को कैसे निकालने है, इसकी समझ या रणनीति बनाने में आप खुद में निपुणता महसूस करेंगे और इसे कर भी पाएंगे। प्रेम सम्बंधों व वैवाहित जीवन में दिक्कत आ सकती है। सम्बंधों में कोई भी विपरीत परिस्थिति चल रही है तो कुछ समय के लिए कोई निर्णय न लें। रचनात्मकता बढ़ेगी। संतान की क्रियाकलापों पर ध्यान रखें। जीवन में बड़ा सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिलेगा। आपकी इच्छें बढ़ेगी और उसे पूरा करने में आप सफल भी होंगे।
मीनः
मीन राशि के लिए राहू का गोचर पके बाहरवें भाव में होगा। जो पके खर्चे बढ़ाएगा। यदि आपकी कुण्डली में सूर्य की स्थिति अच्छी नहीं है और बाहरवां घर किसी भी प्रकार से पीड़ित है तो कोई भी अनैतिक कार्य करने से बचें। अन्यता कोर्ट कचहरी के चक्कर लगाने से लेकर बड़ी मुश्किल में डाल सकता है यह गोचर। इस गोचरकाल में आप मकान की साज सज्जा और वाहन आदि खरीदने पर खर्च करेंगे। अचानक कोई समस्या आ सकती है। घर का माहौल में नोकझोंक जैसी स्थिति बड़ा रूप न लें, इसके लिए समझदारी के साथ परिस्थिति को सम्भालने का प्रयास करें। यदि आप विदेश में है, या किसी भी रूप से कार्य में विदेश से जुड़े हैं तो यह गोचर आपके लिए शुभदायी है