आगरालीक्स…(Agra News 10th June) आगरा के हाईप्रोफाइल डॉ दीप्ति अग्रवाल देहज हत्या मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी पति ह्रदय रोग विशेषज्ञ डा सुमित अग्रवाल को अंतरिम जमानत दे दी। सुप्रीम कोर्ट ने तीन साल की बच्ची की देखभाल के लिए छह सप्ताह के लिए अंतरिम जमानत दी है।
आगरा में तीन अगस्त 2020 को डॉ दीप्ति अग्रवाल का विभव वैली व्यू, ताजगंज में फ्लैट में फंंदे से लटकी मिली थी, तीन दिन इलाज के बाद मौत हो गई। डॉ दीप्ति अग्रवाल के पिता कोसी कला निवासी डॉ नरेश मंगला ने पति ह्रदय रोग विशेषज्ञ डॉ सुमित अग्रवाल, ससुर डॉ एससी अग्रवाल, सास अनीता अग्रवाल, जेठ डॉ अमित अग्रवाल और जिठानी डॉ तूलिका अग्रवाल पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में पुलिस ने डॉ दीप्ति की मौत के बाद आरोपी पति डॉ सुमित अग्रवाल को अरेस्ट कर जेल भेज दिया। वह जेल में है, हाईकोर्ट से जमानत याचिका खारिज होने पर सुप्रीम कोर्ट में जमानत के लिए याचिका दायर की।
तीन साल की बेटी की देखभाल के लिए सुप्रीम कोर्ट ने डॉ सुमित को दी जमानत
डॉ सुमित और दीप्ति की एक बेटी है, डॉ दीप्ति की मौत के समय बेटी दो साल की थी। सुप्रीम कोर्ट में बेटी की देखभाल के लिए जमानत याचिका दायर की, इसमें कहा गया कि बेटी तीन साल की है, उसे कई बीमारियां भी हैं। उसकी देखभाल के लिए जमानत दे दी जाए। जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस एमआर शाह की अवकाशकालीन पीठ ने सुमित अग्रवाल को छह सप्ताह की अंतरिम जमानत दे दी।
शिकायतकार्त डॉ नरेश मंगला ने भी नहीं की आपत्ति
डॉ सुमित की जमानत याचिका पर शिकायतकर्ता डॉ नरेश मंगला ने भी आपत्ति नहीं की। पीठ ने स्पष्ट किया है कि केवल बच्ची की देखभाल के लिए अंतरिम जमानत दी जा रही है ।
सीबीआई कर रही जांच
इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपी गई थी, सीबीआई डॉ दीप्ति अग्रवाल दहेज हत्या मामले की जांच कर रही है।
