आगरालीक्स…आगरा में अस्पताल में बच्चे की मौत पर तीमारदारों का हंगामा. पुलिस पहुंची. आरोप—कंपाउंडर ने लगाया गलत इंजेक्शन..डॉक्टर ने कहा—आरोप निराधार. अस्प्ताल की कोई गलती नहीं
आगरा में मंगलवार को अर्जुन नगर स्थित चाइल्ड स्पेशलिस्ट और आईएमए के अध्यक्ष डॉ. ओपी यादव के अस्पताल में बच्चे की मौत के बार तीमारदारों ने हंगामा काटना शुरू कर दिया. तीमारदारों का आरोप है कि डॉक्टर के अनुपस्थित होने पर कंपाउंडर ने गलत इंजेक्शन लगाया जिससे बच्चे की मौत हो गई. इधर सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामला शांत कराया. वहीं डॉ. ओपी यादव का कहना है कि तीमारदारों के आरोप निराधार हैं. वह दोपहर में मर्जी से बच्चे की छुट्टी कराकर ले गए और शाम को फिर वापस आए और इस दौरान तबियत बिगड़ने पर बच्चे की मौत हो गई.

दो दिन पहले बिचपुरी के डाबली गांव का एक बच्चे खेरिया मोड़ स्थित चाइल्ड स्पेशलिस्ट डॉ. ओपी यादव के अस्पताल में भर्ती कराया गया था. बच्चे का यहां इलाज चल रहा था. डॉ. ओपी यादव ने बताया कि दोपहर को तीमारदार बच्चे की छुट्टी करने का दबाव बना रहे थे जिस पर तीमारदारों पर उनकी ही अनुमति पर बच्चे को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई. कुछ समय बाद तीमारदार फिर से बच्चे को लेकर अस्पताल आ गए लेकिन उस समय डॉ. ओपी यादव बाहर निकल गए थे. इस पर तीमारदार कंपाउंडर पर बच्चे को दवाई देने का दबाव बनाने लगे जिस पर कंपाउंडर ने बच्चे को सही दवा दी लेकिन बच्चे की हालत खराब होने पर उसकी थोड़ी देर बाद मौत हो गई.
इधर बच्चे की मौत के बाद तीमारदारों ने हंगामा करना शुरू कर दिया. तीमारदारों का आरोप है कि कंपाउंडर ने बच्चे को गलत दवा दे दी जिसके बाद उसकी मौत हो गई. सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया. इस मामले में डॉ. ओपी यादव का कहना है कि बच्चे की मौत पर अस्पताल नहीं बल्कि तीमारदार दोषी हैं. वह खुद जबर्दस्ती बच्चे की छुट्टी कराकर ले गए और उसके बाद कहीं पर इलाज कराया जिसके बाद उसकी तबियत बिगड़ गई.