आगरालीक्स …Agra News: आगरा के डॉ. देबाशीष सरकार ने थ्री डी लैप्रोस्कोपी से अविवाहित महिला के गर्भाशय को बचाया, 1.5 किलोग्राम की 20 रसौली निकाली। ( Agra News: Sarkar Hospital MD Dr. Debashish Sarkar done 3D Laparoscopic Myomectomy of Unmarried Woman#Agra )
आगरा के सरकार हॉस्पिटल, दिल्ली गेट के प्रबंध निदेशक डॉ. देबाशीष सरकार की अत्याधुनिक लैप्रोस्कोपी विधि से सर्जरी में बेहतरीन कार्य कर रहे हैं। डॉ. देबाशीष सरकार ने बताया कि अत्यधिक रक्तस्राव और पेट में असहनीय दर्द की समस्या के साथ अविवाहित युवा महिला परामर्श लेने आई। जांच में गर्भाशय में 20 रसौली की गांठें थी, इनका आकार भी बड़ा था। इस तरह के मामलों में रसौली का आकार बड़ा होने के कारण गर्भाशय को निकालने (हिस्टेक्टॉमी) की सलाह दी जाती है। गर्भाशय निकालने से अविवाहित महिला भविष्य में गर्भधारण नहीं कर पाती।
थ्री डी लैप्रोस्कापिक मायोमेक्टॉमी से बचाया गर्भाशय
सरकार हॉस्पिटल, दिल्ली गेट के प्रबंध निदेशक डॉ. देबाशीष सरकार ने मरीज के गर्भाशय को बचाने के लिए जटिल थ्री डी लैप्रोस्कापिक मायोमेक्टॉमी का विकल्प चुना। इस तकनीकी से बिना किसी दर्द और एक छोटा चीरा और टांका लगाकर सर्जरी की। सर्जरी कर 20 रसौलियों को निकाला और गर्भाशय को बचा दिया। 20 रसौलियां जिनका वजन 1.5 किलोग्राम था उसे निकाल दिया और गर्भाशय को भी बचा दिया।
सरकार हॉस्पिटल, दिल्ली गेट के प्रबंध निदेशक डॉ. देबाशीष सरकार ने कहा, “हमारा लक्ष्य हमेशा रोगी के स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता को प्राथमिकता देना रहा है। 3D लैप्रोस्कोपी जैसी उन्नत तकनीकें हमें बड़े और जटिल मामलों में भी न्यूनतम चीरे वाली सर्जरी (Minimal Invasive Surgery) करने की क्षमता देती हैं, जिससे मरीज को कम दर्द होता है और रिकवरी तेज़ी से होती है। इस मामले में, गर्भाशय को बचाना सबसे बड़ी सफलता थी।” सरकार हॉस्पिटल, दिल्ली गेट के प्रबंध निदेशक डॉ. देबाशीष सरकारऔर उनकी टीम ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञता के सही तालमेल से जटिल से जटिल मामलों में भी बेहतरीन परिणाम दिए जा सकते हैं।