आगरालीक्स…आगरा में जरूरतमंद लोगों के लिए सस्ते दामों में गर्म कपड़े, साड़ियां, कुर्तियां सहित कई सामानों की लगी हाट. केवल 10 रुपये है इनकी कीमत…
आगरा के सेठ पदम चंद जैन प्रबंध संस्थान में आज लायंस क्लब आगरा अपस्ट्रीम के सहयोग से सेवा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य समाज के आर्थिक रूप से कमजोर, जरूरतमंद लोगों तक सम्मानपूर्ण और सहज तरीके से वस्तुओं को उपलब्ध कराना था , ताकि किसी भी लाभार्थी को सहायता ग्रहण करते समय किसी प्रकार की असहजता या संकोच का अनुभव न हो। सभी का मानना रहा कि सहायता तभी सार्थक होती है जब वह स्वाभिमान बनाए रखते हुए पहुँचाई जाए—और “विश्वविद्यालय हाट” इसी भावना के साथ आयोजित किया गया । कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय बस्तियों और आसपास के क्षेत्रों से लोग पहुँचे। महिलाएँ, पुरुष, बच्चे और बुज़ुर्ग—सभी वर्गों की भागीदारी रही ।जिसमे साफ-सुथरे, व्यवस्थित और सुगम तरीके से वस्तुएँ प्रदर्शित की गईं ताकि हर व्यक्ति आसानी से अपनी आवश्यकता अनुसार वस्तुएं चुन सके।कार्यक्रम की विशेषता यह रही कि सभी वस्तुएँ सिर्फ ₹10 की सांकेतिक कीमत पर उपलब्ध कराई गईं। यह मूल्य इसलिए रखा गया ताकि कोई भी लाभार्थी “मुफ़्त में लेने” की भावना से असहज न महसूस करे, बल्कि वह सम्मानपूर्वक “खरीद” कर आवश्यक सामग्री घर ले जा सके। इस संवेदनशील सोच ने पूरे आयोजन में गरिमा, आत्मसम्मान और सुखद माहौल बनाए रखा। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों के लिए भी सामाजिक अनुभव, नेतृत्व और मानवीय मूल्यों की वास्तविक पाठशाला बना । कार्यक्रम में कुल छह सुव्यवस्थित और सुविचारित स्टॉल स्थापित किए गए थे, जिन्हें इस तरह व्यवस्थित किया गया कि हर आयु वर्ग के लोग आसानी से अपनी आवश्यकता अनुसार वस्तुएँ चुन सकें।
पुरुष स्टॉल पर 27 स्वेटर, 12 ब्लेज़र, 14 जैकेट, 45 शर्ट, 30 पैंट, 23 कुर्ते, 19 टी-शर्ट तथा 9 जींस और लोअर उपलब्ध थे। महिलाओं के स्टॉल पर 65 से अधिक साड़ियाँ, 60 सूट-सेट, 20 दुपट्टे, 25 कुर्तियाँ, 10 बैग, तथा कई प्रकार के वूलन परिधान उपलब्ध थे। बच्चों के स्टॉल पर भी 38 वूलन जैकेट, 6 कोट, 16 स्वेटर, 42 टी-शर्ट, 15 लोअर सहित अनेक रंग-बिरंगे और आकर्षक परिधान उपलब्ध थे। बच्चों के चेहरे इन कपड़ों को देखकर खिल उठे । इन मुख्य स्टॉलों के अलावा अलग से एक उपयोगी वस्तुओं का सेक्शन भी बनाया गया था, जहाँ दैनिक जीवन में इस्तेमाल की जाने वाली कई सामग्रियाँ रखी गईं। इसमें 15 जोड़ी जूते-चप्पल, 20 कंबल, 12 तौलिए, 14 कॉस्मेटिक आइटम, 4 क्रॉकरी सेट, 28 खिलौने, तथा अन्य घरेलू उपयोग की वस्तुएँ शामिल थे।
अंततः, सभी स्टॉलों पर रखी गई वस्तुओं का मिलाकर कुल 675 से अधिक सामानों का वितरण किया गया ।
कार्यक्रम को सार्थक बनाने के उद्देश्य से संस्थान के विद्यार्थियों ने आयोजन से एक-दो दिन पूर्व ही आसपास की बस्तियों, और मोहल्लों में पहुँचकर व्यापक जनसंपर्क और प्रचार-प्रसार किया। उन्होंने घर-घर जाकर लोगों को कार्यक्रम की प्रकृति, उद्देश्य, समय, स्थान तथा इसके माध्यम से मिलने वाले लाभों के बारे में सरल और स्पष्ट जानकारी दी। परिणाम यह देखने को मिला कि बड़ी संख्या में परिवार बिना किसी हिचक, संकोच या असुविधा के पूर्ण आत्मसम्मान और गरिमा के साथ कार्यक्रम स्थल पर पहुँचे और इस जनहितकारी सेवा अभियान का लाभ उठाया। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में मंडलाध्यक्ष लायन संजीव तोमर, पूर्व मंडलाध्यक्ष लायन स्वाती माथुर, उपमंडलाध्यक्ष प्रथम लायन आर. एन. वर्मा, उपमंडलाध्यक्ष लायन अजय भार्गव, लायन अल्पना भार्गव, रीज़न चेयरपर्सन शिखा जैन, लायन लीना माथुर, लायन आशा सरीन, लायन सुरेन्द्र पाल सरीन, लायन अनुराग माथुर,
लायन विशाल, लायन हिमांशु भटनागर, उपस्थित रहे।
अतिथियों ने “विद्यालय हाट” के आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल समाज सेवा की दिशा में एक अनुकरणीय कदम है, जो न केवल जरूरतमंदों को सहायता प्रदान करता है, बल्कि युवाओं को सामाजिक जिम्मेदारी, नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क और प्रबंधन का व्यावहारिक अनुभव भी देता है — जो आधुनिक शिक्षा का अभिन्न उद्देश्य है। आयोजन में विद्यार्थियों—विश्वजीत, आर्यन, खुशबू, अंश, प्रियांशी, पुष्पांजलि, यश, निशांत, अबीर, वृद्धि,निखिल, अभिषेक, घनिष्ठा—का योगदान रहा। कार्यक्रम के दौरान संस्थान के निदेशक प्रो. बृजेश रावत, डॉ. स्वाति माथुर, डॉ. रुचिरा प्रसाद, डॉ. सीमा सिंह, डॉ. श्वेता चौधरी, श्वेता गुप्ता, अर्पिता दुबे, लकी आर्य,प्रेरणा कत्याल आदि उपस्थिति रही।