आगरालीक्स ..आगरा में भी नागरिकता संशोधन बिल के लिए अलर्ट, अलीगढ में इंटरनेट सेवा ठप कर दी है। आगरा में आईजी और एसएसपी ने पुलिस फोर्स के साथ शहर के मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में पैदल मार्च किया।
नागरिकता संशोधन बिल (CAB) लोकसभा के बाद राज्यसभा में पास होने के बाद राष्ट्रपति ने भी हस्ताक्षर कर दिए हैं। इससे कैब कानून बन गया है। इसके बाद पूर्वोत्तर सहित यूपी के कुछ जिलों में विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। इसे देखते हुए आगरा में शुक्रवार सुबह से ही अलर्ट है, आईजी ए सतीश गणेश साइकिल से सुबह निकले और मिश्रित आबाजी वाले क्षेत्र का निरीक्षण किया।
एसएसपी ने निकाला पैदल मार्च
एसएसपी बबलू कुमार ने शुक्रवार को पैदल मार्च निकाला, आगरा में मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में बडी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात किया गया है, किसी को भी विरोध प्रदर्शन की अनुमति नहीं है।
अलीगढ में इंटरनेट बंद
अलीगढ में कैब के विरोध में एएमयू के छात्रों के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए गुरुवार रात को ही इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई, शुक्रवार शाम तक इंटरनेट बंद किया गया है।
यह है नागरिकता संशोधन बिल
नागरिकता संशोधन बिल नागरिकता अधिनियम 1955 के प्रावधानों को बदलने के लिए पेश किया जा गया है, जिससे नागरिकता प्रदान करने से संबंधित नियमों में बदलाव होगा। नागरिकता बिल में इस संशोधन से बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से आए हिंदुओं के साथ ही सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाइयों के लिए बगैर वैध दस्तावेजों के भी भारतीय नागरिकता हासिल करने का रास्ता साफ हो जाएगा।
कम हो जाएगी निवास अवधि
भारत की नागरिकता हासिल करने के लिए देश में 11 साल निवास करने वाले लोग योग्य होते हैं। नागरिकता संशोधन बिल में बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के शरणार्थियों के लिए निवास अवधि की बाध्यता को 11 साल से घटाकर 6 साल करने का प्रावधान है।