आगरालीक्स ..आगरा में इलाज में लापरवाही पर डॉक्टर पर 10 लाख रुपये हर्जाना, 10 लाख रुपये हर्जाना छह प्रतिशत ब्याज सहित बीमा कंपनी नेशनल इंश्योरेंस पीड़ित को अदा करेगी।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, शहीद नगर निवासी सुनील ने वरिष्ठ अधिवक्ता सीएम मिश्रा व किशन सिंह परमार ने उपभोक्ता फोरम में मामला प्रस्तुत किया। इसमें कहा कि उसका 27 नवंबर 2012 को ट्रैक्टर से एक्सीडेंट हो गया था। इस कारण उसके पैलविस राइट हिप तथा लोअर बैक में गंभीर चोटें आई थी। पहले उसे एसएन मेडिकल कॉलेज फिर प्राइवेट नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया, वहां पर एक्सटर्नल फिक्सेटर लगाया गया। इलाज के बाद 12 दिसंबर 2012 को उसे डिस्चार्ज कर दिया गया। वादी का कहना है कि डॉ. मानवेंद्र शर्मा वरिष्ठ हड्डी रोग विशेषज्ञ की ख्याति सुनकर 13 दिसंबर को जय हॉस्पिटल में भर्ती हो गया। वहां पर डॉ. मानवेंद्र शर्मा ने 14, 18 व 22 दिसंबर को उसके तीन ऑपरेशन किए। वादी का आरोप है कि विपक्षी चिकित्सक ने पूरा सिस्टम बदल एक्सटर्नल फिक्सेटर को हटा रिकन्सट्रक्शन प्लेटिंग की, जिससे उसकी हालत खराब हो गई। इस मामले को जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम द्वितीय के अध्यक्ष सुभाष चंद्र कुलश्रेष्ठ व सदस्य शीला यादव ने मामले का निस्तारण करते हुए हड्डी रोग विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. मानवेंद्र शर्मा व जय हॉस्पिटल के खिलाफ आदेश पारित किया है। 10 लाख रुपये हर्जाना लगाया है। 10 लाख रुपये हर्जाना छह प्रतिशत ब्याज सहित बीमा कंपनी नेशनल इंश्योरेंस पीड़ित को अदा करेगी।