आगरालीक्स… आगरा के जूता कारोबारियों को झटका, दिल्ली एनसीआर के कारोबारियों को लाभ देने के लिए 2500 लाख रुपये के टर्नओवर की शर्त, आगरा की फर्म बाहर, टेंडर में नहीं हो सकेंगी शामिल।
सरकारी विभाग द्वारा जूते की सप्लाई के लिए टेंडर निकाल रहे हैं, इसके लिए नए मानक तय कर दिए गए हैं। इससे पहले ही परेशान आगरा के जूता कारोबारियों को बड़ा झटका लगा है। सीआईएसएफ हेड क्वार्टर 13 ब्लॉक एनजीओ कॉम्पलेक्स दिल्ली द्वारा एक लाख आठ हजार की एंकल टैक्नीकल बूट विद पीयू सोल का टेंडर निकला है। जेम पर निकले टेंडर में विभाग ने ये मानदंड लगा दिया कि टेंडर में वही कम्पनियां शामिल हो सकती हैं, जिनका टर्नओवर 2500 लाख रुपए होगा।

आगरा व कानपुर की सभी कम्पनियां टेंडर में शामिल होने से पहले ही बाहर हो गईं। बूट मैन्यूफैक्चरर एसोसिएशन के अध्यक्ष सुनील गुप्ता व सचिव अनिल महाजन ने बताया कि पूर्व में आगरा की छोटी कम्पनियां इस प्रोडक्ट को सप्लाई कर चुकीं हैं। जिसके आर्डर की कॉपी भी है। पिछले 3 वर्षों से इस तरह के मानक लगाना सिर्फ दिल्ली-एनसीआर की कम्पनियों को लाभ पहुंचाना है। इन्हीं नीतियों के कारण पिछले 3 वर्षों में आगरा की 45 में से लगभग 35 कम्पनियों पर ताले डल गए हैं। यही हाल रहा तो आगरा व कानपुर से घरेलू जूता उद्योग पूरी तरह समाप्त हो जाएगा। एसोसिएशन ने 9 अक्टूबर के इस टेंडर के लिए विभाग को क्राएटेरिया हटाने के लिए पत्र भी लिखा है, जिससे बड़ी कम्पनियों के साथ छोटी कम्पनियों को बी काम मिल सके।