नईदिल्लीलीक्स...मैरिज सीजन शुरू हो गया है। वकील ने की अनोखी शादी। अग्नि की बजाय संविधान की शपथ लेकर शादी की। शादी कार्ड में भी संविधान के आर्टिकल का उपयोग।

शादी कार्ड में संविधान का आर्टिकल
मध्य प्रदेश के बैतूल के अधिवक्ता दर्शन बुंदेला ने शादी कार्ड में लिखवाया कि संविधान के आर्टिकल 21 के तहत जीवन जीने के अधिकार के तहत वे शादी कर रहे हैं। इसलिए उन्हें संविधान के आर्टिकल 19 (आई) (बी)के तहत शांति से एकत्रित होने के अधिकार का उपयोग कर शादी में आकर आशीर्वाद दें।
12 साल के अफेयर के बाद प्रेमिका से शादी
अधिवक्ता दर्शन बुंदेला ने 12 साल के अफेयर के बाद अपनी प्रेमिका राजश्री से विवाह किया। हरदा के एक्सीलेंस स्कूल में हायर सेकंडरी क्लास की शिक्षिका राजश्री से दर्शन की कॉलेज में दोस्ती हुई थी। इसके बाद दोनों मिलकर सामाजिक कार्य करने लगे। अब उऩ्होंने विवाह का निर्णय़ लिया।
परिवार को मनाना था चुनौती
दर्शन और राजश्री का कहना है कि प्रेम विवाह के लिए परिवार को मनाना उनके लिए चुनौती थी लेकिन, दोनों की खुशी के लिए परिवार मान गए। दर्शन और राजश्री ने पहले रजिस्टर्ड मैरिज की और इसके बाद गत दिवस भारत के संविधान की प्रस्तावना पढ़ते हुए शादी की।
शादी में यह पढ़ी गई प्रस्तावना
संविधान की प्रस्तावना हम भारत के लोग भारत को एक सम्पूर्ण प्रभुत्व-सम्पन्न, समाजवादी, पंथ-निरपेक्ष, लोकतंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिए तथा उसके समस्त नागरिकों को सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता प्राप्त कराने के लिए, तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखंडता सुनिश्चित करने वाली बंधुता बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा में एतद द्वारा संविधान को अंगीकृत, अधिनियमित और आत्मर्पित करते है) पढ़कर दर्शन और राजश्री का विवाह सम्पन्न हुआ।