आगरालीक्स ….हेयर फॉल और गंजेपन से परेशान हैं तो इसका इलाज संभव है। सिर के बालों को दवाओं के साथ थैरेपी देकर झडने से रोका जा सकता है। सारस्वत हॉस्पिटल, विमल विहार, सिकंदरा बोदला रोड पर शुरू हुई तीन दिवसीय इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ कॉस्मेटिक सर्जरी एंड एस्थेटिक मेडिसिन (आईआईसीएसएएम) की हेन्ड ऑन एफयूई हेयर ट्रांसप्लांट सर्टीफिकेट कोर्स कार्यशाला में चर्चा की गई।
डॉ सत्या सारस्वत ने बताया कि अनुवांशिक, पौष्टिक आहार की कमी और तनाव भरी जीवनशैली से गंजापन बढ रहा है। इसकी रोकथाम संभव है। आपके परिवार में किसी को गंजापन हो चुका है तो आप भी अनुवाशिंक कारण से गंजापन के शिकार हो सकते हैं, इसका दवाओं से इलाज संभव है। वहीं पौष्टिक आहार और तनाव भरी जिंदगी गंजेपन का कारण है तो इसके लिए प्लेटलेट रिच प्लाज्मा( पीआरपी ) को बालों में इंजेक्शन के माध्यम से दिया जाता है, यह एक तरह से बालों के लिए खाद का काम करता है और इससे बालों का झडना कम हो जाता है। वहीं, लॉ लेबल लेजर थैरेपी ( एलएलएलआर) से लेजर के माध्यम से बालों के झडने से रोका जाता है। इसमें 450 से 650 वेवलेंथ की तरेंगे बालों की जडों में प्रवाहित की जाती हैं, यह बालों के लिए उत्प्रेरक का काम करती हैं और गंजापन थम जाता है। वहीं, गंजापन होने के बाद हेयर ट्रांसप्लांट से इलाज किया जाता है। उन्होंने बताया कि तीन दिवसीय कार्यशाला में फॉल्युकुलर यूनिट एक्सट्रेक्शन एफयूई हेयर ट्रांसप्लांट सर्टीफिकेट कोर्स में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
लोहे के बर्तन में खाना खाने से कम झडेंगे बाल
महिलाओं में बाल झडने का एक बडा कारण खून की कमी एनीमिया है। लोगों का खान पान अच्छा हुआ है, लेकिन घरों पर स्टील के वर्तनों में खाना बनता है, जबकि जिन सब्जियों में आयरन है उन्हें लोहे के बर्तन में बनाने पर शरीर में ज्यादा मात्रा में आयरन पहुंचता है, इसके साथ ही आयरन को अवशोषित करने के लिए विटामिन सी की जरूरत होती है, इसलिए सब्जी में नीबू डालकर खाएं।
ये हैं बाल झडने के कारण
पौष्टिक आहार की कमी
तनाव भरी जिंदगी
प्रदूषण और प्रतिरोधक क्षमता कम होना
हाइपोथर्मिया
एनीमिया
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