आगरालीक्स…यह कौन सा पौधा है जो शहर की सड़कों से घरों में गार्डन तक खूबसूरत बना रहा है, हर कोई इसे लगा रहा है, कम पानी और देखभाल के बावजूद सालभर देता है रंग—बिरंगे फूल
आगरा में सफेद, गुलाबी, नारंगी, लाल, पीले और ड्यूल कलर के फूलों की चादर सड़कों के इर्द—गिर्द नजर आने लगी है। इस सुंदरता और हरियाली को बढ़ाने में बोगनवेलिया, कनेर और बॉटल ब्रश जैसे सदाबहार सजावटी पौधों ने अहम भूमिका है। इसमें भी बोगनवेलिया की बेल पहले पायदान पर है। सड़कों के डिवाइडर और चौराहों पर लगे ये पौधे या बेल कम पानी में भी सालभर रंग-बिरंगे फूल देते हैं। रामबाग में नर्सरी का काम करने वाले सूरज बताते हैं कि बोगनवेलिया एक बेहद आकर्षक और रंग-बिरंगा पौधा है। इसके सफेद, गुलाबी, बैंगनी, लाल, नारंगी, पीले और ड्यूल कलर के फूल शहर की सड़कों, दीवारों और बागीचों को एक प्राकृतिक कैनवास में बदल देते हैं। इस पौधे की खासियत है कि यह गर्मी और धूप में सबसे अच्छी तरह खिलता है। यह इस पौधे को लगाने का सबसे अच्छा मौसम है, क्योंकि जल्द ही मानसून दस्तक देगा और अभी भी प्री मानसून की बारिश हो रही है।वहीं कमला नगर, सेंट जॉन्स, संजय प्लेस समेत कई क्षेत्रों में निजी फर्मों के अंदर पौधों की देखभाल करने वाले लेखराज बताते हैं कि बोगनवेलिया की चमकीली और रंगीन पंखुडियों की इसकी सुंदरता में चार चांद लगाती हैं। इसलिए इस समय यह सबसे लोकप्रिय पौधा है। हालांकि यह पौधा विदेशी है। मगर उष्णकटिबंधीय है बहुत कम पानी की आवश्यकता होती है।
रामबाग में ही एक नर्सरी संचालक ने बताया कि बोगनवेलिया पौधे को बहुत कम देखभाल की जरूरत होती है। इसे पनपने के लिए प्रतिदिन कम से कम 5 से 6 घंटे की सीधी धूप चाहिए। ज्यादा पानी न दें, क्योंकि ज्यादा पानी देने से सिर्फ पत्तियां बढ़ती हैं और फूल कम आते हैं। इसके अलावा अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी का उपयोग करें।
बोगनवेलिया के पौधे को बढ़ने के लिए जितनी अधिक जगह मिलेगी यह उतना ही फैलता जाएगा और फूलों की चादर से ढंक जाएगा। कटाई—छंटाई करने से इसकी शाखाएं और फैलती हैं लेकिन इस पौधे को संभलकर ही छूना चाहिए क्योंकि इसमें कांटे भी होते हैं। छोटी जगह या गमले में लगाने पर भी यह अच्छा निखरता है लेकिन फैलाव सिमट जाता है।