आगरालीक्स…आगरा के नाम एक और उपलब्धि. डॉ. जयपदीप मल्होत्रा को फिल्म ‘अद्भुत मातृत्व’ के लिए लखनऊ फिल्म फेस्टिवल में मिला स्पेशल कैटेगरी अवार्ड. 11 मिनट की फिल्म ने हर किसी को हैरत में डाला
आगरा के नाम एक बड़ी उपलब्धि जुड़ी है। सीनियर गायनेकोलाॅजिस्ट, आईवीएफ एक्सपर्ट और फाॅग्सी कीं पूर्व अध्यक्ष डाॅ. जयदीप मल्होत्रा की फिल्म अद्भुत मातृत्व को लखनऊ लघु फिल्म महोत्सव में स्पेशल कैटेगिरी अवाॅर्ड प्रदान किया गया है। बता दें कि लखनऊ के गोमतीनगर में अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान में यह महोत्सव आयोजित किया गया था, जिसके अंतिम दिन आगरा कीं डाॅ. जयदीप मल्होत्रा की फिल्म अद्भुत मातृत्व को प्रदर्शित किया गया और इसने दर्शकों की खूब तालियां बंटोरीं। साथ ही फिल्म अपने उस खास संदेश को लोगों तक पहुंचाने में सफल रही जिसके लिए इसे बनाया गया था। कई नामी फिल्म निर्माताओं और फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों पर भी इस फिल्म ने छाप छोड़ी।

महोत्सव के अंतिम दिन मंच पर उपस्थित मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सलाहकार अवनीश कुमार अवस्थी ने डाॅ. जयदीप मल्होत्रा को स्मृति चिह्न एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किया। इस दौरान मंच पर एमरेन फाउंडेशन लखनऊ फिल्म फोरम कीं फाउंडर डायरेक्टर रेनुका टंडन, रिचा वैश जोशी, वंदना अग्रवाल आदि मौजूद थे।

आगरा से महोत्सव में शामिल हुए वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डाॅ. नरेंद्र मल्होत्रा ने बताया कि इस महज 11 मिनट के फिल्म में एक बड़ा सामाजिक संदेश है। इसमें दिखाया गया है कि कैसे गर्भावस्था के नौ महीनोें में एक भावी मां के साथ किया गया अच्छा और बुरा व्यवहार आपकी आने वाले संतान और पीढ़ियों पर असर डालता है। यही वह समय है जब हमें गर्भवती की सबसे अधिक देखभाल करनी है। साथ ही उन्होंने बताया कि वर्ष 2008 में फौगसी अध्यक्ष रहते हुए उन्होंने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा बुलंद किया था, जिसे आज के समय में बदलकर बेटा समझाओ और बेटी बचाओ कर दिया गया है। उन्होंने और डॉ जयदीप ने हमेशा से ही बेटियों से जुड़े संवेदनशील मुद्दों और बेटा बेटी भेदभाव खत्म करने पर गम्भीरता से बात की है और उन मुद्दों को बड़े मंचों तक पहुंचाने के लिए जतन किए हैं। डाॅ. नीहारिका मल्होत्रा द्वारा फिल्माए गए सीन में फिल्म में बताया गया है कि डाॅ. जयदीप मल्होत्रा द्वारा निर्मित आईमम्ज एप इस पूरे नौ महीने की यात्रा को लेकर बड़ी बारीकी से मार्गदर्शन करता है।
