आगरालीक्स…आगरा के एसएन में अब बड़े स्तर पर रिसर्च वर्क होंगे. 7 जूनियर डॉक्टरों को मिली आईसीएमआर ने दी एक—एक लाख की ग्रांट.
एसएन मेडिकल कॉलेज (SNMC), आगरा ने एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी शैक्षणिक और शोध सफलता हासिल कर आगरा का गौरव बढ़ाया है। कॉलेज के सात पोस्ट ग्रेजुएट (पीजी) थीसिस को डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ रिसर्च (डीएचआर) – इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) का प्रतिष्ठित रिसर्च ग्रांट मिला है। यह उपलब्धि कॉलेज की शोध क्षमता और शैक्षिक उत्कृष्टता का प्रमाण है।
शोधकर्ताओं को मिलेगा ₹1 लाख का अनुदान
इस प्रतिष्ठित चयन के तहत, प्रत्येक सफल रिसर्च स्कॉलर को उनकी थीसिस के लिए एक-एक लाख रुपये का अनुदान प्राप्त होगा। यह वित्तीय सहायता उनके शोध कार्य को आगे बढ़ाने और उच्च गुणवत्ता वाले रिसर्च पेपर तैयार करने में सहायक होगी। यह सफलता छात्रों की कड़ी मेहनत और कॉलेज के अनुभवी फैकल्टी के प्रभावी मार्गदर्शन का परिणाम है।
नेत्र विज्ञान विभाग ने रचा नया इतिहास
इस सफलता में नेत्र विज्ञान विभाग ने विशेष रूप से अपनी छाप छोड़ी है, जहाँ की चार छात्राओं ने यह सम्मान प्राप्त कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। डॉ. स्निग्धा सेन और डॉ. तिरुपति ने इन छात्राओं को सफलतापूर्वक गाइड किया।
जिन सफल स्कॉलर्स को यह सम्मान मिला है, वे और उनके मार्गदर्शक फैकल्टी निम्न हैं:
नेत्र विज्ञान विभाग-डॉ. प्रिया और डॉ. पारुल मार्गदर्शक—डॉ. स्निग्धा सेन
नेत्र विज्ञान विभाग -डॉ. निवेदिता और डॉ. अर्चना— मार्गदर्शक फैकल्टी डॉ. तिरुपति
कम्युनिटी मेडिसिन – डॉ. अमूल्य— मार्गदर्शक फैकल्टी डॉ. रेनू अग्रवाल
एनेस्थीसिया— डॉ. निकेता मोंडल— मार्गदर्शक फैकल्टी डॉ. अतिहर्ष मोहन
स्त्री रोग विभाग -डॉ. सौम्या चौहान— मार्गदर्शक फैकल्टी डॉ उर्वशी
कॉलेज के प्राचार्य और डीन डॉ. प्रशांत गुप्ता ने सभी सफल स्कॉलर्स और उनके मार्गदर्शक फैकल्टी को इस शानदार उपलब्धि पर हार्दिक बधाई दी है। उन्होंने कहा कि यह सफलता एसएनएमसी की रिसर्च संस्कृति को मजबूत करेगी और भविष्य में और अधिक शोध करने के लिए प्रेरित करेगी। एसएनएमसी ने रिसर्च के क्षेत्र में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराते हुए एक बार फिर आगरा के गौरव को बढ़ाया है।