आगरालीक्स…आगरा में 8 साल के अभय का मर्डर. किडनैपिंग के कुछ देर बाद ही कर दिया था कत्ल, लेकिन मांग रहे थे 80 लाख की फिरौती, पुलिस को 80 दिन बाद मिली बच्चे की लाश…मर्डर करने वाले ये निकले
आगरा के थाना फतेहाबाद से ढाई महीने पहले किडनैप हुए बच्चे का मर्डर किडनैपिग के कुछ देर बाद ही कर दिया गया था और उसकी लाश को धौलपुर के मनिया में गड़ढा खोदकर प्लास्टिक के बैग में गाढ़ दिया था. किडनैप करने वाले आरोपी इसके बाद भी परिजनेां से 80 लाख की फिरौती मांग रहे थे और इसके लिए उन्होंने परिजनों के पास चार चिट्ठियां भेजीं. पुलिस को 80 दिन बाद बच्चे की लाश मिली. बच्चे का मर्डर करने वाले उसके घर के पास ही दुकान चलाने वाला और उसका एक साथी था. पुलिस ने दोनों को अरेस्ट कर लिया है और कार्रवाई की जा रही है.ये है मामला
30 अप्रैल् 2025 को फतेहाबाद के विजय नगर कॉलोनी में रहने वाले 8 साल के बच्चे अभय प्रताप का किडनैप कर लिया गया था. शादी के दौरान आरोपी आठ साल के अभय को बहला फुसलाकर स्कूटी पर ले गए थे लेकिन रास्ते में बच्चा रोने लगा. मम्मी—पापा के पास जाने की जिद करने लगा. इस पर आरोपियों ने बच्चे की गला दबाकर हत्या कर दी और लाश को एक प्लास्टिक के बोरे में बंद कर स्कूटी पर ही रख लिया. आरोपी स्कूटी को मनिया की ओर ले गए और यहां सूनसान जगह पर गड्ढा खोदकर मासूम की लाश को जमीन में दबा दिया.
सामान्य व्यवहार करने लगे आरोपी
बच्चे की हत्या कर उसकी लाश को ठिकाने लगाने के बाद आरोपी वापस घर लौट आए और यहां सामान्य व्यवहार करने लगे. इधर बच्चे के न मिलने से परिजन परेशान थे और पुलिस भी बच्चे की तलाश में जुटी थी. आरोपी क्षेत्र में घूमते. एक आरोपी कृष्णा का पास ही में जन सेवा केंद्र है. वह पुलिसकर्मियों से भी सामान्य बात किया करता था. वहीं दूसरा आरोपी राहुल वेल्डिंग का काम करता है. वह भी मृतक छात्र के घ्ज्ञर के सामने रहता था और रोज सामान्य की तरह काम पर जाता था. इससे उस पर कभी किसी को शक नहीं हुआ.
बच्चे की हत्या करने के बाद आरोपी फिरौती वसूलने के लिए परिवार को पत्र भेजते रहे और इन्होंने करीब चार बार पत्र भेजे और 80 लाख तक की फिरौती मांगी. लेकिन फिरौती के लिए लिखा पत्र ही उनके गले की फांस बन गया. परिजनों और क्षेत्रीय लोगों ने जब पत्र पढ़ा तो उसमें कई ऐसे शब्द थे जो कि जनसेवा केंद्र चलाने वाला आरोपी कृष्णा की बोलचाल की भाषा से मेल खाते थे. ऐसे में वह लोगों से बात करने के दौरान जिस तरह के शब्द का इस्तेमाल करता था, उसी तरह के शब्द पत्र के लिखे थे.
80 दिन बाद मिली बच्चे की लाश
पुलिस को पहले परिवार के ही किसी व्यक्ति् पर शक था लेकिन जैसे—जैसे जांच बढ़ी तो कृष्णा और राहुल का नाम सामने आने लगा. इधर इनपुट मिला कि बच्चे की लाश मनिया में गड्ढे में है. जहां से पुलिस ने उसे बरामद कर लिया. बच्चे की मौत से परिवार में कोहराम मच गया है. वही पुलिस ने दोनों आरोपियों को अरेस्ट कर लिया है.