आगरालीक्स.. आगरा की भीषण गर्मी में नर्स और उनकी बहन की मौत डीहाइड्रेशन से होने की आशंका, दोनों की मौत में पांच घंटे का अंतर। विसरा प्रिजर्व कर रखा गया है।
आगरा के अर्जुन नगर स्थित राम वाटिका स्थित कोठी में प्रथम तल पर मूल रूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली 62 साल की मधुमिता वर्ष 2004 से रह रहीं थी, 2018 में उनकी बड़ी बहन 65 साल की ऋतु बसू दिल्ली से आगरा आ गईं थी। दोनों अविवाहित थी, चार बहनों में से एक बहन नंदिता कानपुर में रहती हैं तो दूसरी हैदराबाद में। कानपुर में रह रही बहन दोनों का खर्चा उठा रहीं थी।
मकान का भूतल सुनील जैन ने खरीद लिया था लेकिन वे रहते नहीं थे। प्रथम तल पर दोनों बहनें रहती थी। चार दिन से दूधिया हर रोज उनके गेट पर आवाज लगाता था लेकिन दरवाजा न खुलने पर लौट जाता था। दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने सुनील को बताया, वे मकान पर पहुंचे तो ताला लगा हुआ था। भूतल का हिस्सा सुनील के पास था इसलिए एक चाबी उनके पास रहती थी। उन्होंने गेट खोला तो प्रथम तल से दुर्गंध आ रही थी, गेट बंद था। वे पुलिस चौकी पहुंच गए, पुलिस को साथ लेकर पहुंचे, इसके बाद दरवाजा तोड़ा गया। अंदर कमरे में बड़ी बहन ऋतु का शव बेड पर छोटी बहन मधुमिता का शव सोफे पर पड़ा हुआ था।
पुलिस जांच में सामने आया है मधुमिता नवोदय विद्यालय में नर्स थी, 2004 से आगरा में रह रहीं थी। बड़ी बहन भी आगरा आ गईं थी और मधुमिता उनकी देखरेख कर रही थी। कानपुर की रहने वाली उनकी बहन नंदिता भी आगरा आ गईं। उन्होंने पुलिस को बताया कि रविवार रात 10 बजे छोटी बहन मधुमिता से बात हुई थी, उन्होंने बताया था कि बड़ी बहन ऋतु की तबीयत ठीक नहीं है। इसके बाद नंदिता ने फोन किया लेकिन नहीं उठा। शुक्रवार को पोस्टमार्टम होगा।
छोटी बहन की मौत के पांच घंटे बाद बड़ी बहन की मौत
शुक्रवार को मधुमिता और ऋतु बसू का पोस्टमार्टम किया गया, मधुमिता की मौत पहले हुई, इसके पांच घंटे बाद ऋतु बसू की मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि मधुमिता की तबीयत बिगड़ने पर उन्होंने रविवार को डॉक्टर को भेजा था, मधुमिता को संभवत डीहाइड्रेशन हुआ था, कमरे का एसी खराब था। भीषण गर्मी में मधुमिता की मौत हो गई। ऋतु बसू की देखरेख मधुमिता करती थी, उनकी देखरेख ना होने पर पांच घंटे बाद उनकी भी मौत हो गई। मौत का स्पष्ट कारण जानने के लिए विसरा प्रिजर्व कर रखा गया है।