आगरालीक्स आगरा में डायबिटीज यानी मधुमेह दिवस पर डॉक्टरों ने कहा कि ऐसे परिवार जो मधुमेह रोगी हैं वे आपस में अपने बेटे बेटियों की शादी ना करें, इससे बच्चे भी मधुमेह रोगी पैदा हो सकते है।
बुधवार को मधुमेह दिवस पर शहर के लोगों की गुड मार्निंग पार्कों में वरिष्ठ डॉक्टरों के साथ चाय और बिस्कुट के साथ हुई। साथ ही भारत में महामारी के रूप में फैल रही डायबिटीज के बारे में परीक्षण व ज्ञानवर्धक जानकारी भी मिली। आगरा डायबिटिक फोरम द्वारा (आईएमए, आईएसीएम, सीडीआरएस, दिशा संस्था व अविरल सोसायटी के सहयोग से) शहर के विभिन्न पार्कों में विश्व मधुमेह विदस के मौके पर निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। मरीजों का स्वागत शुगर फ्री चाय और बिस्टुक के साथ किया गया। मधुमेह के लक्षण, बचाव व सावधानियों के बारे में जानकारी दी गई है। शिवर में लगभग 4 हजार से अधिक लोगों ने परीक्षण कराया।

डिफेन्स एस्टेट में डॉ. वीएन कौशल ने लोगों को बताया कि ऐसे दो परिवारों को जिसमें डायबिटिक रोगी हैं, विवाह करने से बचना चाहिए। कुछ यूरोपियन देशों में चर्च में ऐसे परिवारों को विवाह की नुमति नहीं मिलती। क्योंकि इनकी संतानों में मधुमेह होने की सम्भावना अधिक होती है।
सबसे अधिक 855 मरीजों का परीक्षण कम्पनी गार्डन सदर में किया गया। यहां 7 बजे कैम्प शुरु होने से पहले ही मरीजों की भीड़ पहुंचने लगी। 8.30 बजे कैम्प का समापन होने के बाद भी 9.30 बजे तक मरीजों का परीक्षण किया गया। खेलगांव में पद्मस्री व आगरा डायबिटिक पोरम के अध्यक्ष डॉ. डीके हाजरा ने मरीजों को मधुमेह से बचने के लिए जीवन शैली सुधारने की सलाह दी। वहीं पालीवाल पार्क में डॉ. सीआर रावत के साथ सबी डॉक्टरों की टीम किसी वाहन के बजाय वॉक करते हुए कैम्प स्थल पर पहुंची और लोगों को शारीरिक श्रम का संदेश दिया। सभी पार्कों को नीले रंग के गुब्बारों से सजाया गया था। कैम्प में फिजिशन के साथ हड्डी रोग विशेषज्ञ, नेत्र रोग विशेषज्ञ, स्त्री व प्रसूचि रोग विशेषज्ञों ने भी डायबिटीज के दौरान अन्य अंगों पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों के बारे में लोगों को जागरूक किया।
कैम्प में मरीजों के साथ नके परिजन भी पहुंचे
इस वर्ष आईडीएफ (इंटरनेशनल डायबिटीक फैडरेशन) द्वारा विश्व मधुमेह दिवस पर डायबिटीज व परिवार थीम दी गई थी। इसलिए कैम्पों में मरीजों के साथ उनके परिवारीजन भी पहुंचे। मधुमेह से बचाव के लिए खान-पान, जीवन शैली, व्यायम, दवाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की।
नीले गुब्बारे उड़ाकरा किया कैम्प का शुभारम्भ
आगरा। आगरा डायबिटिक फोरम के सचिव डॉ. सुनील बंसल ने बताया कि सभी पार्कों में कैम्प का शुभारम्भ नीले रंग के गुब्बारे उड़ाकर किया। नीले रंग के गुब्बारे इस बात का प्रतीक हैं कि पृथ्वी पर डॉक्टर सभी के साथ मिलकर डायबिटीज के खात्मे के लिए प्रयासरत हैं।
कहां कितने मरीजों ने कराया परीक्षण
कम्पनी गार्डन सदरः 865
खेलगांव दयालबागः 460
डिफेंस एस्टेट मधुनगरः 645
पालीवाल पार्कः 625
अहिंसा पार्क जयपुर हाउसः 435
ट्रांस यमुना हनुमान पार्कः 392
शास्त्रीपुरम जोनल पार्कः 345
कमला नगरः 270
मुख्य रूप से इन डॉक्टरों द्वारा किया गया परीक्षण
डॉ. डीके हाजरा, डॉ. अतुल कुलश्रेष्ठ, डॉ. आरएम पचौरी, डॉ. शम्मी कालरा, डॉ. सीआर रावत, डॉ. अरविन्द जैन, डॉ. मनोज शर्मा, डॉ. वीएन खंडेलवाल, डॉ. अशोक शिरोमणी, डॉ. एसपीएस मेहता, डॉ. सविता त्यागी, डॉ. जीएस धर्मेश, डॉ. सीमा सिंह, डॉ. वीएस बघेल, डॉ अरुम चतुर्वेदी, डॉ. नागेन्द्र सिंह चौहान, डॉ. अरविन्द यादव, डॉ. मुकेश गोयल, डॉ. आलोक मित्तल, डॉ. सुनील शर्मा, डॉ. बीके अग्रवाल, डॉ. संध्या अग्रवाल आदि