आगरालीक्स…मोबाइल देखते हुए या चलते-फिरते भोजन करना स्वास्थ्य पर डाल रहा नकारात्मक प्रभाव. लगभग 57 प्रतिशत लोगों में विटामिन डी की कमी…आगरा के होटल जेपी पैलेस में फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव का आगाज..
चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री एसोसिएशन (सीएफपीआइए) द्वारा आयोजित किए जा रहे फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव 2026 के अंतर्गत फतेहाबाद रोड स्थित होटल जेपी पैलेस में स्मारिका विमोचन एवं स्वस्थ जीवनशैली का आधार : भोजन से आरोग्य की ओर" विषय पर विशेष सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम दो सत्रों में संपन्न हुआ, जिसमें पहले सत्र में "स्वस्थ जीवनशैली का आधार : भोजन से आरोग्य की ओर" विषय पर विशेषज्ञों ने अपने विचार व्यक्त किए, जबकि दूसरे सत्र में फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव 2026 की स्मारिका का विधिवत विमोचन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इस अवसर पर हेल्थ एंड वेलनेस कोच रुचिरा ढल, डाइटिशियन पायल सेठ, सीएफपीआईए के अध्यक्ष राजकुमार भगत, आगरा सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष नितेश अग्रवाल, सीएफपीआईए के उपाध्यक्ष अनुज सिंघल, सचिव विकास चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष आशीष गर्ग, शैलेंद्र अग्रवाल, सिद्धार्थ अग्रवाल, अभिषेक चौरसिया, संदीप काइला, सीए आरके जैन उपस्थित रहे।कार्यक्रम की प्रस्तावना रखते हुए सीएफपीआईए अध्यक्ष राजकुमार भगत ने बताया कि 14, 15 एवं 16 जून को होटल जेपी पैलेस परिसर में फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव 2026 का भव्य आयोजन किया जाएगा। 14 जून को केंद्र एवं राज्य मंत्री प्रो एसपी सिंह बघेल एवं प्रदेश के प्रभारी मंत्री भूपेंद्र चौधरी शुभारंभ करेंगे। उन्होंने कहा कि तीन दिवसीय आयोजन एग्जीबिशन एवं कॉन्फ्रेंस के रूप में आयोजित किया जाएगा, जिसमें सात राज्यों से 150 से अधिक कंपनियां फूड प्रोसेसिंग मशीनरी, पैकेजिंग टेक्नोलॉजी, कोल्ड चेन, वेयरहाउसिंग, फूड सेफ्टी, इनोवेशन एवं आधुनिक तकनीकों से जुड़े उत्पादों और सेवाओं का प्रदर्शन करेंगी। फूड एक्सपो और कॉन्क्लेव के दौरान भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा विशेष सत्र। बैंकिंग एवं वित्तीय संस्थानों द्वारा उद्यमियों के लिए ऋण, सब्सिडी एवं निवेश योजनाओं की जानकारी। फूड सेक्टर में उत्कृष्ट कार्य करने वाली इकाइयों का सम्मान समारोह। राष्ट्रीय विशेषज्ञों द्वारा पैकेजिंग, मशीनरी, फूड शेल्फ लाइफ, गुणवत्ता नियंत्रण एवं नई तकनीकों पर तकनीकी सत्र। कोल्ड चेन, वेयरहाउसिंग एवं कृषि आधारित उद्योगों की विशेष प्रदर्शनी।
गुणवत्ता पूर्ण नींद देती है आरोग्य जीवन: रुचिरा ढल
कार्यक्रम में हेल्थ एंड वेलनेस कोच रुचिरा ढल ने कहा कि हाल के वर्षों में किए गए सर्वेक्षणों में लगभग 57 प्रतिशत लोगों में विटामिन-डी की कमी पाई गई है, जो आधुनिक जीवनशैली का गंभीर संकेत है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में मोबाइल फोन या टेलीविजन देखते हुए भोजन करने की आदत के कारण पाचन शक्ति प्रभावित हो रही है और शरीर की ‘डाइजेस्टिव फायर’ कमजोर पड़ रही है। भोजन सदैव शांत एवं सकारात्मक वातावरण में करना चाहिए। उन्होंने कहा कि भोजन के समय बच्चों की प्रशंसा एवं परिवार के साथ संवाद सकारात्मक मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है। रुचिरा ढल ने प्रतिदिन लगभग ढाई लीटर पानी पीने, सूर्यास्त के बाद सीमित मात्रा में पानी का सेवन करने, शरीर की ऊर्जा और रिपेयरिंग के लिए छह से आठ घंटे की गुणवत्तापूर्ण नींद लेने तथा नियमित रूप से प्राणायाम, व्यायाम और पैदल चलने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर ही जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने अपने वक्तव के का समापन 10 मिनट के ध्यान सत्र के साथ किया।
डाइटिशियन पायल सेठ ने कहा कि भोजन केवल पेट भरने का साधन नहीं, बल्कि स्वस्थ शरीर और संतुलित जीवन का आधार है। उन्होंने कहा कि मोबाइल देखते हुए अथवा चलते-फिरते भोजन करने से ‘माइंडफुल ईटिंग’ की संस्कृति समाप्त होती जा रही है, जिसका नकारात्मक प्रभाव स्वास्थ्य पर पड़ता है। उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले स्वास्थ्य संबंधी नुस्खों को बिना समझे अपनाने के बजाय सामान्य समझ और विशेषज्ञ सलाह के आधार पर निर्णय लेने की बात कही। पायल सेठ ने फल, सब्जियों एवं मोटे अनाजों का अधिकाधिक सेवन करने तथा बाहर के तैलीय और अत्यधिक मसालेदार भोजन से बचने की सलाह दी। उन्होंने स्वस्थ जीवनशैली के चार प्रमुख स्तंभ बताते हुए अच्छी नींद, पर्याप्त जल सेवन, नियमित व्यायाम और तनाव प्रबंधन को आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि "सबसे बड़ी संपत्ति स्वस्थ शरीर और शांत मन है।"
ब्रज क्षेत्र के सभी ब्रांड स्मारिका में सम्मिलित
कार्यक्रम के दूसरे सत्र में फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव 2026 की स्मारिका का भव्य विमोचन किया गया। स्मारिका का संपादन वरिष्ठ पत्रकार तनु गुप्ता द्वारा किया गया है। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि स्मारिका में आगरा मंडल के खाद्य प्रसंस्करण उद्योग से जुड़े उन प्रतिष्ठित ब्रांडों और उद्यमियों की सफलता की कहानियों को प्रमुखता से स्थान दिया गया है, जिन्होंने स्थानीय स्तर से शुरुआत कर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की है। उन्होंने बताया कि स्मारिका में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के विकास, नई तकनीकों, निर्यात संभावनाओं, सरकारी योजनाओं और उद्योग जगत के समक्ष मौजूद अवसरों एवं चुनौतियों पर भी विस्तृत सामग्री प्रकाशित की गई है, जो उद्योग से जुड़े उद्यमियों, शोधार्थियों और नीति निर्माताओं के लिए उपयोगी साबित होगी।
इन्होंने संभाली व्यवस्था
कार्यक्रम का संचालन सीएफपीआईए के सचिव विकास चतुर्वेदी एवं उपाध्यक्ष आशीष गर्ग ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम की व्यवस्थाएं अपरार्क शर्मा, दिलीप कुमार एवं सोनू ने संभालीं।