आगरालीक्स.. आगरा में आपका बच्चा चलना, बैठना, खड़ा रहना देर से शुरू करता है या फिर इसमें पूरी तरह से असहाय हैं तो इसे नजरअन्दाज न करें। कहीं ऐसा न हो कि इलाज में देरी के कारण बच्चा जीवन भर के लिए दिव्यांग बन जाए। यदि समय से इलाज मिले तो 80 प्रतिषत से ज्यादा बच्चे सामान्य हो सकते हैं। यह जानकारी बाल अस्थि रोग एवं सेरेब्रल पालसी विशेषज्ञडॉ. जितेन्द्र कुमार जैन ने दी। वह सेन्ट्रल जेल रोड, आवास विकास स्थित गार्गी रिहैबिलिटेशन सेन्ट्र में त्रिशाला फाउन्डेशन, इलाहबाद के सहयोग से आयोजित सेरेब्रल पालसी, जन्मजात विकलांगता एवं बच्चों के हड्डी सम्बंधी रोगों पर आयोजित निशुल्क शिविर में अभिभावकों को सम्बोधित कर रहे थे।
निशुल्क शिविर में डॉ. जितेन्द्र कुमार जैन व एमपीटी (पीडिया) डॉ. विशाल त्रिपाठी द्वारा 150 मरीजों का परीक्षण किया गया। डॉ. जैन ने अभिभावकों को आधुनिक इलाज के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि जन्म के दौरान मस्तिष्क के कुछ भाग के क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण बच्चों में चलने, बोलने व सुनने में समस्या हो जाती है। अन्य बाल अस्थि समस्याओं जैसे हाथ-पैरों की हड्डियों का न बनना या तिरछापन व छोटापन का भी इलाज सम्भव है। अध्यक्षता डॉ. विशाल त्रिपाठी ने की। कैम्प में शुभारम्भ मुख्य अतिथि डॉ. संजीव पाल सिंह ने किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से डॉ. पूजा, डॉ. विवेक आदि मौजूद रहे।