आगरालीक्स…आगरा के सिविल एयरपोर्ट का काम शुरू जो जाना चाहिए था लेकिन फिर पड़ गया ये रोडा. सिविल सोसायटी ने कहा—आगरा के हितों को अनदेखा करना हो अब बंद
आगरा का पं दीनदयाल एयरपोर्ट शीघ्रता के साथ वायुसेना परिसर से बाहर चिह्नित स्थल जितनी जल्दी शिफ्ट हो सके यह ताज सिटी की सामायिक जरूरत है। सिविल एन्कलेव आगरा को बनाये जाने का काम शुरू हो जाना चाहिए था, सुप्रीम कोर्ट में प्रस्तुत की जा चुकी और स्वीकृति का आधार डी पी आर डॉक्यूमेंट के स्थान पर नई डी पी आर बनवायी गयी है और अब उसको स्वीकृति के लिये प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है। जिस स्थान के लिये पहले से ही डी पी आर स्वीकृत है,अब उसी स्थान के लिये क्यों नई डी पी आर बनवाने का काम शुरू हुआ है। सिविल सोसाइटी ऑफ आगरा सिविल एविएशन मिनिस्ट्री भारत सरकार से इस मामले में सार्वजनिक तौर पर जानकारी का खुलासा या प्रकटन चाहती है।

स्थान न बदलने पर पूर्व में बनी डी पी आर के अनुसार ही कार्य शुरू करवाया जा सकता था। चूकि स्वीकृत डी पी आर दो या तीन साल पूर्व ही बनी थी ,इस लिये अगर जरूरत थी तो उसके एस्टीमेटों को रिवाइज्ड करके ही काम चलाया जा सकता था। बता दें कि आगरा के विकास और नागरिक सुविधाओं से जुड़ा हर छोटा बडा निर्माण या सेवायें ताज ट्रिपेजियम जोन के दायरे में आते हैं।इस लिये यहां होने वाले किसी भी काम के लिये पर्यावरणीय,वन विभाग और पुरातत्व विभाग की स्वीकृतियां अनिवार्यता है। चूंकि टी टी जैड क्षेत्र में पेड़ काटना तक सुप्रीम कोर्ट की अनुमति से ही संभव हो पाता है, इस लिये सिविल एन्कलेव के लिये नई डी पी आर बनवा के स्वीकृतियां हांसिल कर पाना सहज प्रतीत नहीं होता।

सिविल सोसाइटी ऑफ आगरा की सांसदों,विधायकों से अपेक्षा है कि अपने विशेषाधिकारों का उपयोग कर इस संबंध में तथ्य परक जानकारियां आम नागरिकों खास कर टूरिज्म और ट्रैवल ट्रेड से संबधितों के सामने लायें। हम नहीं कहते कि पूर्व में स्वीकृत डी पी आर में सुधार या बदलाव की गुंजाइश नहीं होगी किन्तु स्वीकृति के अनुसार निर्माण शुरू करवा दिये जाने के बाद भी विस्तार, बदलाव संभव था। कम से कम ‘डिलेटैक्टस’ का तो असर नहीं पडता। सिविल सोसायटी ऑफ आगरा का मानना है कि नई डी पी आर स्वीकृत करवा पाना बहुत ही मुश्किल काम है, दिल्ली में काम करवा सकने वालों की तुलना में काम रुकवा देने की क्षमता रखने वाले कहीं अधिक प्रभावी हैं।अत:आगरा के आर्थिक सामाजिक हित में होगा कि नई डीपीआर को बनवा कर स्वीकृतियों को प्राप्त करने का चक्कर छोड़ कर स्वीकृत डी पी आर के आधार पर ही एस्टीमेट रिवाइज्ड कर काम शुरू करवाना चाहिये।
आगरा को एयर कनेक्टिविटी की अत्यंत जरूरत है, टूरिस्टों के अलावा यहां लोगों को भी अपने गंतव्यों का हवाई जहाज पकडने के लिये दिल्ली,ग्वालियर या जयपुर जाना होता है। जो आगरा से या आगरा के लिये हवाई यात्रा को कहीं अधिक महंगा और समय बढाने वाला बना देता है। सिविल सोसायटी ऑफ आगरा का स्पष्ट मानना है कि एन सी आर के हितों के लिये प्रदेश के आगरा जैसे प्रमुख नगर हितो को अनदेखा किया जाना बंद होना चाहिये।