आगरालीक्स.. आगरा में कोरोना संक्रमित एक और मरीज की मौत, एसएन में भर्ती मरीज की मौत के बाद कोरोना संक्रमित पांच की मौत हो चुकी है।
आगरा में धूलियागंज क्षेत्र का 65 साल के गुर्दा रोग से पीडित मरीज को 10 अप्रैल को कोरोना की पुष्टि होने के बाद भर्ती किया गया था। यहां उसकी डायलिसिस भी कराई गई लेकिन तबीयत में सुधार नहीं हुआ। गुरुवार सुबह 9. 30 बजे कोरोना संक्रमित मरीज की मौत हो गई। इस तरह आगरा में यह पांचवीं मौत है।
कोरोना के 167 केस, 5 मौत
आगरा में कोरोना के 167 केस हैं, इसमें से पांच की मौत हो चुकी है। तीन की मौत एसएन मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान हुई है और दो महिला मरीज की मौत भगवान टॉकीज के पास स्थित अस्पताल में हुई थी। इन सभी में कोरोना की पुष्टि हुई थी। हालांकि जिला प्रशासन मौत के पीछे पहले से बीमारियां बता रहा है, ऐसे में कोरोना संक्रमण भी हो गया।
हाइपोक्लोराइट के घोल में डेड बॉडी की जाती है वॉश
बैक्टीरिया और वायरस को हाइपेाक्लोराइट के घोल से नष्ट कर दिया जाता है। ऐसे में प्रोटोकॉल के तहत कोरोना संक्रमित मरीज की मौत होने के बाद डेड बॉडी को हाइपोक्लोराइट के घोल में वॉश किया जाता है, जिससे मौत होने के बाद बॉडी से निकल रहे द्रव्य पदार्थ से संक्रमण का खतरा ना रहे। इसके बाद बॉडी को दो प्लास्टिक पैक में पैक किया जाता है। पीपीई, मास्क और ग्लब्स पहनकर टीम के साथ विद्वुत शवदाह ग्रह शव को अंतिम संस्कार के लिए भेजा जाता है, वहां 70 डिग्री से अधिक तापमान पर अंतिम संस्कार होना चाहिए, जिससे वायरस पूरी तरह से नष्ट हो जाए। इसके बाद विद्युत शवदाह ग्रह, शव वाहन को हाइपोक्लोराइट के घोल से सैनेटाइज कराया जाता है।